Cognizant ने शुरू किया स्टाफ मॉनिटरिंग टूल, 5 मिनट इनएक्टिव रहने पर लगेगा Idle टैग

Cognizant Employee Monitoring System: Cognizant ने ProHance टूल लागू किया है, जो कर्मचारियों की Activity और Idle Time ट्रैक करता है. कंपनी का कहना है कि यह डेटा सिर्फ Workflow Optimization के लिए है

Cognizant Employee Monitoring System: आईटी कंपनी Cognizant ने अपने चुनिंदा प्रोजेक्ट्स में ऐसा टूल सक्रिय कर दिया है, जो कर्मचारियों की Activity, Idle Time और Work Pattern को ट्रैक करता है. कंपनी का दावा है कि यह सिस्टम Productivity Optimization के लिए है, न कि Individual Performance को जांचने के लिए.

ProHance क्या है और कैसे करता है काम?

Cognizant ने ProHance नाम का Software कुछ कर्मचारियों के लिए लागू किया है. यह टूल Laptop पर Keyboard-Mouse Activity, इस्तेमाल होने वाले Apps और Websites तक की निगरानी करता है.

  • 5 मिनट तक कोई Activity नहीं होने पर Status बन जाता है Idle
  • 15 मिनट तक Activity नहीं होने पर दिखता है Awayfrom System

Software Login Time, Task Duration और Breaks तक रिकॉर्ड करता है, जिससे पूरे Workday का विस्तृत Pattern सामने आता है.

कर्मचारी चिंतित, Surveillance का बढ़ा डर

करीबी मॉनिटरिंग की खबरें सामने आने के बाद कर्मचारियों में Privacy और Work Surveillance को लेकर चिंता बढ़ी है. कई लोग मानते हैं कि इस तरह की Tracking Stress बढ़ा सकती है, भले ही कंपनी कह रही है कि यह Performance Review का हिस्सा नहीं है।

कंपनी का स्पष्टीकरण: Performance नहीं, Process Efficiency पर फोकस

Cognizant ने साफ किया कि ProHance सिर्फ चुनिंदा BPM और Automation Projects में Client Request पर उपयोग होता है.

कंपनी के मुताबिक-

  • Employees को पहले से Inform किया जाता है
  • Consent लेकर टूल Activate होता है
  • Data को Performance Rating या Staffing Decision में Use नहीं किया जाता.

कंपनी ने यह भी बताया कि Productivity Measurement Tools IT Sector में आम हैं और इनका मकसद Process Analysis व Workflow Improvement है.

Workplace में Monitoring को लेकर फिर छिड़ी बहस

कंपनी का स्पष्टीकरण भले ही कर्मचारियों की चिंताओं को कम करे, लेकिन Employee Tracking पर चल रही बहस खत्म नहीं होने वाली है. ProHance जैसे Tools आज के WorkC ulture में Productivity और Employee Trust के बीच चल रहे Tug-of-War को साफ दर्शाते हैं.

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By Rajeev kumar

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