1 October Rule Change: बदल गए ये नियम, SIM कार्ड UPI पेमेंट और Gmail यूजर्स के काम की खबर

1 October Rule Change: एक अक्टूबर 2024 से देशभर में 5 नये नियम लागू हो रहे हैं. इन नये नियमों का सीधा असर यूपीआई, सिम कार्ड, जीमेल और आधार और राशन कार्ड यूजर्स पर पड़ेगा. ऐसे में आपको भी इन नये नियमों की जानकारी होनी चाहिए.

1 October Rule Change: आज से अक्टूबर महीना शुरू हो रहा है. आज से देशभर में कई नये नियम प्रभावी होने जा रहे हैं. यूपीआई, सिम कार्ड, जीमेल और आधार और राशन कार्ड से जुड़े नये नियमों का सीधा असर मोबाइल फोन यूजर्स पर पड़ेगा. जहां रिलायंस जियो, एयरटेल, बीएसएनएल और वोडाफोन-आइडिया यूजर्स को अपने क्षेत्र में नेटवर्क कवरेज की जानकारी मिलेगी, वहीं राशन कार्ड से आधार कार्ड लिंक की डेडलाइन भी खत्म हो गई है. साथ ही, जीमेल पासवर्ड और यूपीआई पेमेंट को लेकर नये नियमों की वजह से एक अक्टूबर से यूजर्स को थोड़ी परेशानी हो सकती है. ऐसे में जानकारी जरूरी है.

1 October Rule Change: UPI पेमेंट में हो सकती है परेशानी

1 अक्टूबर से लागू हो रहे ट्राई ने नये नियम से फर्जी कॉल और मैसेज पर लगाम लगाने में मदद मिलेगी. अक्टूबर की पहली तारीख से ऐसे टेलीमार्केटिंग और प्रोमोशनल फोन कॉल नहीं आयेंगे, जो टेलीकॉम कंपनियों के पास रजिस्टर्ड नहीं हैं. ऐसे में जो बैंक और पेमेंट प्लैटफॉर्म्स खुद को इसके लिए व्हाइटलिस्ट नहीं कर पाए हैं, उनके यूजर्स को OTP वाले मैसेज रिसीव नहीं होंगे. ऐसे में यूजर्स को UPI पेमेंट के दौरान मुश्किल हो सकती है.

1 October Rule Change: SIM कार्ड के नियम बदल गए

1 अक्टूबर से भारत सरकार से सिम कार्ड को लेकर जारी किये नये नियम लागू हो रहे हैं. दूरसंचार नियामक ट्राई के नये नियम के मुताबिक, टेलीकॉम ऑपरेटर को यूजर्स को इस बात की जानकारी देनी होगी कि उनके एरिया में कौन सा नेटवर्क उपलब्ध है. टेलीकॉम कंपनियों को यह जानकारी अपनी वेबसाइट पर देनी होगी. सभी टेलीकॉम कंपनियों को अपनी वेबसाइट पर यह बताकर रखना होगा कि वे अपनी 2G, 3G, 4G और 5G सर्विस किस इलाके में दे रही हैं. जियो, एयरटेल, बीएसएनएल और वोडाफोन-आइडिया समेत सभी कंपनियों यह नियम पर लागू है.

1 October Rule Change: आधार और राशन कार्ड लिंक किया क्या?

राशन कार्ड को आधार से लिंक करना सरकार ने अनिवार्य किया है. अगर आपने 30 सितंबर 2024 तक राशन कार्ड को आधार से लिंक नहीं किया है, तो 1 अक्टूबर से आपका नाम राशन कार्ड का लिस्ट से काटा जा सकता है. ऐसे में फ्री राशन पाने की पात्रता खत्म हो सकती है. मालूम हो कि सरकार आधार कार्ड से पैन कार्ड और वोटर कार्ड सहित जरूरी दस्तावेज को लिंक करने की बात पहले से कह रही है. इस तरह लोगाें की आमदनी और कमाई के बाकी सोर्स की सारी जानकारी सरकार के पास पहले ही हासिल कर ली है. इस तरह आधार कार्ड को राशन कार्ड से लिंक कर फर्जी राशन कार्ड धारकों के नाम हटाये जा रहे हैं.

1 October Rule Change: Gmail का नया पासवर्ड रूल भी आ गया

गूगल ने अपनी ई-मेल सर्विस जीमेल के सिक्योरिटी रूल्स बदलाव किया है. जीमेल ने थर्ड पार्टी ऐप के साथ पासवर्ड शेयरिंग फीचर 1 अक्टूबर से बंद करने की घोषणा की है. यह नियम उन ऐप्स और वेबसाइट पर लागू होगा, जिनकी सिक्योरिटी कमजोर है और यूजर डेटा के नियमों का उल्लंघन करते हैं. और ऐसे में 1 अक्टूबर से कुछ वेबसाइट और मोबाइल ऐप्लीकेशन से जीमेल यूजर्स ऑटोमैटिकली लॉगआउट हो जाएंगे.

1 October Rule Change: फर्जी कॉल और मैसेज पर भी सख्ती

दूरसंचार विभाग DoT और दूरसंचार नियामक TRAI ने फर्जी कॉल्स और मैसेज के नियमों को कड़ा कर दिया है. नये नियम 1 अक्टूबर से लागू किये जा रहे हैं. ट्राई ने टेलीकॉम ऑपरेटर्स को एक अक्टूबर से उन कॉल्स और मैसेज पर रोक लगाने के निर्देश दिये हैं, जो उस काम के लिए रजिस्टर्ड नहीं हैं.

SIM Card New Rules: 1 अक्टूबर से बदल रहा सिम कार्ड का यह नियम; Jio, Airtel, Voda, BSNL यूजर्स ध्यान दें

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Rajeev Kumar

राजीव कुमार हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारिता अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. सरल भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी लेखन शैली की सबसे बड़ी पहचान है. राजीव की विशेषज्ञता स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग तथा डिजिटल ट्रेंड्स जैसे विषयों में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, आधिकारिक डेटा, कंपनी अपडेट्स तथा एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाते हैं. डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. गूगल डिस्कवर और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारीपूर्ण होते हैं, बल्कि पाठकों की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, तुलना आधारित लेख और एक्सप्लेनर स्टोरीज को पाठकों द्वारा काफी पसंद किया जाता है. राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन और फीचर लेखन जैसे विभिन्न बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई. जमशेदपुर में जन्मे राजीव ने प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से प्राप्त की. इसके बाद उन्होंने रांची यूनिवर्सिटी से बॉटनी ऑनर्स और भारतीय विद्या भवन, पुणे से हिंदी पत्रकारिता एवं जनसंचार में डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उन्हें आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में मदद करती है. राजीव की सबसे बड़ी पहचान है, क्रेडिब्लिटी, क्लैरिटी और ऑडियंस-फर्स्ट अप्रोच. वे सिर्फ टेक ऐंड ऑटो को कवर नहीं करते, बल्कि उसे ऐसे पेश करते हैं कि हर व्यक्ति उसे समझ सके, उससे जुड़ सके और उससे फायदा उठा सके. जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >