गोरखालैंड के लिए आत्मदाह करनेवाले मंगल का पुत्र गिरफ्तार

सिलीगुड़ी. कुछ वर्षों पहले अलग गोरखालैंड राज्य के लिए आंदोलन के दौरान आत्मदाह करने वाले मंगल सिंह राजपूत के बड़े पुत्र अर्पण सिंह राजपूत (28) पर बहुत ही घिनौना आरोप लगा है. आरोप है कि अर्पण सिंह ने एक 15 वर्षीय लड़की का पहले अपहरण किया और उसके बाद उसके साथ कई दिनों तक दुष्कर्म […]

सिलीगुड़ी. कुछ वर्षों पहले अलग गोरखालैंड राज्य के लिए आंदोलन के दौरान आत्मदाह करने वाले मंगल सिंह राजपूत के बड़े पुत्र अर्पण सिंह राजपूत (28) पर बहुत ही घिनौना आरोप लगा है. आरोप है कि अर्पण सिंह ने एक 15 वर्षीय लड़की का पहले अपहरण किया और उसके बाद उसके साथ कई दिनों तक दुष्कर्म करता रहा. इस बात का खुलासा तब हुआ जब लड़की किसी तरह से भाग कर अपने घर पहुंचने में कामयाब रही.

स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, यह घटना दार्जिलिंग जिले के कालिम्पोंग महकमा स्थित होम्स इलाके की है. अर्पण सिंह राजपूत का घर यही है. स्थानीय सूत्रों ने बताया कि आरोपी 15 साल की एक लड़की को अपने मोटरसाइकिल में बैठा कर अलगढ़ा ले गया. वहीं एक गैरेज में उसने इस घिनौनी हरकत को अंजाम दिया. रविवार को पीड़िता किसी तरह से गैरेज से भागने में कामयाब रही और अपने परिवार वालों को इस बात की जानकारी दी.


नाबालिग के शरीर पर मारपीट के भी निशान हैं. घटना की जानकारी मिलते ही परिवार के लोग रविवार को ही कालिम्पोंग थाना पहुंचे और आरोपी अर्पण सिंह राजपूत के खिलाफ शिकायत दर्ज करा दी. पुलिस ने कार्रवाई करते हुए रविवार रात को ही होम्स गांव स्थित आवास से अर्पण सिंह राजपूत को दबोच लिया. पीड़िता ने पुलिस को बताया है कि चाकू दिखाकर जान से मारने की धमकी भी राजपूत ने दी है. यहां उल्लेखनीय है कि अलग गोरखालैंड राज्य की मांग को लेकर मंगल सिंह राजपूत ने वर्ष 2014 में अपने शरीर में आग लगा ली थी. बाद में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई.

गोरखालैंड के लिए आंदोलन कर रहे गोजमुमो ने मंगल सिंह राजपूत को शहीद का दरजा दिया है. कालिम्पोंग के डंबर चौक का नाम भी बदल कर शहीद मंगल सिंह राजपूत चौक रखा गया है. वहां मंगल सिंह राजपूत की एक प्रतिमा भी लगाई गई है. यह सनसनीखेज मामला सामने आने के बाद पूरे कालिम्पोंग शहर में खलबली मची हुई है. इस मामले में जब दार्जिलिंग के पुलिस अधीक्षक अमित पी जवालगी से बातचीत करने की कोशिश की गई तो वह एक विशेष विभागीय कार्य में व्यस्त थे.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >