अशोक भट्टाचार्य ने ठोका दावा, अखबार मालिकों को दी चेतावनी, मई के बाद राज्य में वामो सरकार
सिलीगुड़ी. बंगाल के सभी हिंदी, बांग्ला, उर्दू व अंग्रेजी अखबारों के मालिकों को वाम मोरचा के राज्य सचिव मंडली के सदस्य अशोक भट्टाचार्य ने चेतावनी देते हुए कहा है कि मई महीने के बाद बंगाल में वाम मोरचा की सरकार होगी. सत्ता में आने के बाद वाम सरकार, ममता सरकार के विज्ञापनों के बकाये का […]
सिलीगुड़ी. बंगाल के सभी हिंदी, बांग्ला, उर्दू व अंग्रेजी अखबारों के मालिकों को वाम मोरचा के राज्य सचिव मंडली के सदस्य अशोक भट्टाचार्य ने चेतावनी देते हुए कहा है कि मई महीने के बाद बंगाल में वाम मोरचा की सरकार होगी. सत्ता में आने के बाद वाम सरकार, ममता सरकार के विज्ञापनों के बकाये का भुगतान नहीं करेगी.
श्री भट्टाचार्य ने अखबारों के मालिकों को यह चेतावनी सोमवार को सिलीगुड़ी में आयोजित प्रेस-वार्ता के दौरान मीडिया के सामने दी. उन्होंने आज पूरे आत्मविश्वास के साथ यह एलान किया कि आगामी विधानसभा में चुनाव वाम मोरचा को जीतने से कोई नहीं रोक सकता. वाम मोरचा के प्रति बंगाल की जनता का भरोसा फिर बढ़ा है. मां-माटी-मानुष का राग अलापने वाली कथित भ्रष्ट ममता सरकार के प्रति जनता की मात्र साढ़े चार वर्ष में ही दूरी बढ़ गयी है.
श्री भट्टाचार्य का कहना है कि साढ़े चार वर्ष के ममता सरकार में हुए चिटफंड घोटाला, एसजेडीए घोटाला, त्रिफला लाइट घोटाला, एनबीडीडी घोटाला, , खाद्य साथी परियोजना में डिजिटल राशन कार्ड घोटाला, सबुज साथी परियोजना में साइकिल घोटाला के अलावा बंद चाय बागानों और चाय श्रमिकों की दुर्दशा का करारा जवाब बंगाल की जनता वोट के माध्यम से देगी. उनका कहना है कि बंगाल में फिर तणमूल की सरकार नहीं आयेगी, यह बात ममता खुद जानती है. यही वजह है कि ममता सरकारी परियोजनाओं के विज्ञापनों के आड़ में अखबारों को खरीदने की राजनीति कर रही है. यह सरकार विज्ञापनों के नाम पर सरकारी पैसा पानी के तरह बहा रही है.
नांटू ने दी मुंगेरी लाल के हसीन सपने न देखने की नसीहत
दार्जिलिंग जिला (समतल) तणमूल कांग्रेस के उपाध्यक्ष नांटू पाल ने अशोक पर पलटवार करते हुए मुंगेरी लाल के हसीन सपने न देखने की नसीहत दी. श्री पाल ने दावा किया कि बंगाल में वाम सरकार तो दूर की बात, मइ महीने के बाद सिलीगुड़ी नगर निगम में वाम बोर्ड रहेगी की नहीं, मेयर अशोक भट्टाचार्य इसकी चिंता करें. उन्होंने कहा कि मेयर अपना ही छह नंबर वार्ड नहीं संभाल पा रहे और पूरे बंगाल का सपना देख रहे हैं. मेयर का सपना मइ महीने के बाद चकनाचूर हो जायेगा. श्री पाल ने कहा कि मां-माटी-मानुष की सरकार ममता बनर्जी के नेतृत्व में मात्र साढ़े चार वर्ष में बंगाल का जो चहुमुखी विकास हुआ है, वह विकास वाम की 34 वर्षों में भी नहीं हुआ.