खुले आसमान के नीचे जीने को मजबूर 12 परिवार

लोकनाथ मिशन की जमीन को कब्जामुक्त कराये जाने से हुए बेघर इस्लामपुर : लोकनाथ मिशन की जमीन को कब्जामुक्त कराये जाने से बेघर हुए 12 परिवारों के लोग धूप व बरसात में खुले आसमान के नीचे रह रहे हैं. उनलोगों का कहना है कि उनके लिए जबतक कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की जाती है, तबतक […]

लोकनाथ मिशन की जमीन को कब्जामुक्त कराये जाने से हुए बेघर
इस्लामपुर : लोकनाथ मिशन की जमीन को कब्जामुक्त कराये जाने से बेघर हुए 12 परिवारों के लोग धूप व बरसात में खुले आसमान के नीचे रह रहे हैं.
उनलोगों का कहना है कि उनके लिए जबतक कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की जाती है, तबतक वे ऐसे ही रहेंगे. उल्लेखनीय है कि अदालत के निर्देश पर गत 30 जून को प्रशासन ने इस्लामपुर नगरपालिका के 13 नंबर वार्ड के लोकनाथ कॉलोनी स्थित लोकनाथ मंदिर की जमीन पर बने घरों को तोड़ डाला था.
विशाल पुलिस बल की मौजूदगी में अर्थ मूवर की मदद से घरों को तोड़ा गया था. घर टूट जाने के बाद भी वहां बसनेवाले लोग जमीन से हटने को तैयार नहीं है.
उनका कहना है कि यह भेस्ट लैंड है. कुल 12 परिवार यहां पिछले 25-30 वर्षों से रह रहे है. उनके पास इसका कोई दूसरा ठिकाना नहीं है. उनलोगों का कहना है कि जबतक उनके रहने का कोई बंदोबस्त नहीं किया जाता है तबतक वे यहीं खुले आसमान के नीचे रहेंगे. पीड़ित परिवारों का कहना है कि वह लम्बे समय से भेस्ट लैंड पर रह रहे है.
अदालत से समय मांगा गया था. लेकिन उनके खिलाफ फैसला सुनाया गया है. अब वह कहां जाये. स्थानीय पार्षद लक्खी ग्वाला के पति राजु ग्वाला ने बताया कि इस लोकनाथ मंदिर इलाके में कुछ जरूरतमंद परिवार बसे थे. मंदिर कमेटी ने अदालत के निर्देश पर उन्हें वहां से हटाया है. अब यह लोग खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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