पूर्व पीएम से मिले पवार, साझा रणनीति बनाने पर हुई चर्चा

सिलीगुड़ी : गोरखालैंड राज्य का मसला अब बंगाल की राजनीति के साथ ही केंद्र के गलियारे में भी छाने लगा है. केंद्र में सत्तारूढ़ भाजपा नीत एनडीए सरकार भले ही चुप्पी साधे बैठी हो,लेकिन विपक्ष खासकर एनसीपी इस समस्या का हल चाहता है. इस दिशा में पहल करते हुए राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के अध्यक्ष […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | September 1, 2017 12:01 PM

सिलीगुड़ी : गोरखालैंड राज्य का मसला अब बंगाल की राजनीति के साथ ही केंद्र के गलियारे में भी छाने लगा है. केंद्र में सत्तारूढ़ भाजपा नीत एनडीए सरकार भले ही चुप्पी साधे बैठी हो,लेकिन विपक्ष खासकर एनसीपी इस समस्या का हल चाहता है. इस दिशा में पहल करते हुए राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के अध्यक्ष शरद पवार ने गुरूवार को गोरखालैंड समस्या को लेकर पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह से उनके निवास पर जाकर भेंट की. इस दौरान उन दोनों ने गोरखालैंड के अलावा महाराष्ट्र के विदर्भ राज्य की मांग पर भी चर्चा की. बातचीत में गोरखालैंड राज्य को लेकर राष्ट्रीय स्तर पर सर्वदलीय बैठक हो इसपर चर्चा की गई.

एनसीपी के सांसद और दल के पूर्वोत्तर के प्रभारी प्रफुल्ल पटेल के हवाले से बताया गया है कि दोनों वरिष्ठ राजनेताओं ने पहाड़ में दो माह से अधिक समय से चल रहे बंद और उससे उपजे हालात को लेकर चिंता जाहिर की. बातचीत में डॉ. मनमोहन सिंह ने कहा कि गोरखालैंड राज्य की मांग काफी पुरानी है इसीलिये उनकी सरकार ने जीटीए का गठन कराया था. हालांकि अब समय आ गया है कि मौजूदा केंद्र सरकार इस समस्या के स्थाई समाधान की दिशा में ठोस पहल करे. चूंकि दार्जिलिंग का पार्वत्य क्षेत्र अंतरराष्ट्रीय सीमा क्षेत्र से सटा है और ऐसे संवेदनशील क्षेत्र में यह संकट जारी रहना किसी भी दृष्टि से उचित नहीं कहा जा सकता. उन्होंने कहा कि वे कांग्रेस में इस मसले को लेकर चर्चा कराकर केंद्र के समक्ष अपनी मांग जल्द रखेंगे ताकि समस्या का समाधान जल्द हो सके.
बातचीत की जानकारी देते हुए प्रफुल्ल पटेल ने बताया, उनकी पार्टी गोरखालैंड और विदर्भ राज्य के गठन के प्रति गंभीर है. विपक्षी दलों को एकजुट होकर इस संकट के समाधान के लिये केंद्र सरकार पर दबाव देना होगा. उन्होंने कहा कि वर्तमान में लंबे बंद के चलते पहाड़ की आर्थिक व शैक्षणिक बुनियाद प्रभावित हुई है. एनसीपी कई बार इस मसले के समाधान के लिये केंद्र के हस्तक्षेप की मांग कर चुकी है. आज अध्यक्ष शरद पवार की पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के साथ बातचीत उसी दिशा में एक अहम कड़ी है.
प्रफुल्ल पटेल ने भाजपा पर कसा तंज
प्रफुल्ल पटेल ने केंद्र सरकार पर तंज कसते हुए कहा, भाजपा दार्जिलिंग की सीट से गोरखालैंड के मसले पर दो बार से जीतती रही है. अब वही इस मसले से कन्नी काट रही है. ऐसे में पहाड़ की जनता स्वयं को ठगा महसूस कर रही है. उन्होंने विमल गुरुंग से कहा कि अब उन्हें यह तय करना है कि गोरखालैंड राज्य के मसले पर स्पष्ट रुख लेना होगा. यदि वे सचमुच गोरखालैंड राज्य चाहते हैं तो उन्हें खुद लड़ाई की कमान संभालनी चाहिये. साथ ही उन्हें केंद्र व राज्य सरकार से एक साथ वार्ता करनी चाहिये. उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ठगने की राजनीति कर रही है. पहाड़ की जनता परेशान है. उन्होंने कहा कि इस मसले को लेकर जल्द त्रिपक्षीय वार्ता बुलानी चाहिये.