दुनिया के सबसे व्यस्त रेलवे स्टेशनों (Busiest Railway Stations in the World) की ताजा वैश्विक रैंकिंग में पश्चिम बंगाल और कोलकाता ने इतिहास रच दिया है. वैश्विक यात्री आंकड़ों (Annual Passenger Traffic) के आधार पर जारी की गयी दुनिया के 10 सबसे व्यस्त रेलवे स्टेशनों की सूची में कोलकाता के 2 प्रमुख रेलवे टर्मिनल हावड़ा (Howrah Station) और सियालदह (Sealdah Station) ने टॉप-10 में जगह बनायी है. इस सूची में जापान के स्टेशनों का वर्चस्व रहा, लेकिन जापान के बाहर पूरी दुनिया में पश्चिम बंगाल का हावड़ा जंक्शन सबसे व्यस्त स्टेशन बनकर उभरा.
हावड़ा दुनिया में 6ठा और जापान के बाहर नंबर-1 व्यस्त स्टेशन
ग्लोबल रिपोर्ट के अनुसार, हावड़ा रेलवे स्टेशन सालाना 54.7 करोड़ (547 मिलियन) यात्रियों को संभालता है. इसके साथ ही यह दुनिया का छठा सबसे व्यस्त स्टेशन बन गया है. वर्ष 1854 में स्थापित 23 प्लेटफॉर्मों वाला यह ऐतिहासिक टर्मिनल पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी रेलवे का मुख्य केंद्र है. जापान के स्टेशनों को छोड़ दें, तो पूरे विश्व में कोई भी रेलवे स्टेशन यात्री की संख्या के मामले में हावड़ा के बराबर नहीं है.
ये भी पढ़ें: हावड़ा में 60 घंटे का मेगा ब्लॉक : आज ही जान लें न्यू कॉम्प्लेक्स से चलने वाली 53 ट्रेनें कहां से चलेंगीं
सियालदह 8वें स्थान पर, टोक्यो स्टेशन को भी छोड़ा पीछे
पश्चिम बंगाल की लाइफलाइन माना जाने वाला सियालदह स्टेशन इस सूची में 8वें स्थान पर है. सियालदह स्टेशन से सालाना लगभग 43.8 करोड़ (438 मिलियन) यात्री सफर करते हैं. 21 प्लेटफॉर्मों वाला यह स्टेशन दैनिक लोकल और उपनगरीय (Suburban) यात्रियों की लाइफलाइन है. हैरान करने वाली बात यह है कि सियालदह ने यात्रियों की वार्षिक संख्या में जापान के ऐतिहासिक टोक्यो स्टेशन (43.3 करोड़ यात्री) और नागोया स्टेशन (42.3 करोड़ यात्री) को भी पीछे छोड़ दिया है.
दुनिया के टॉप-10 सबसे व्यस्त रेलवे स्टेशन
| क्रम | स्टेशनों के नाम | यात्री संख्या |
| 1 | शिंजुकु स्टेशन (टोक्यो, जापान) | 116.4 करोड़ |
| 2 | शिबुया स्टेशन (टोक्यो, जापान) | 102.3 करोड़ |
| 3 | इकेबुकुरो स्टेशन (टोक्यो, जापान) | 84.3 करोड़ |
| 4 | ओसाका-उमेदा स्टेशन (ओसाका, जापान) | 75.0 करोड़ |
| 5 | योकोहामा स्टेशन (योकोहामा, जापान) | 71.1 करोड़ |
| 6 | हावड़ा स्टेशन (कोलकाता, पश्चिम बंगाल) | 54.7 करोड़ |
| 7 | किटा-सेनजू स्टेशन (टोक्यो, जापान) | 50.7 करोड़ |
| 8 | सियालदह स्टेशन (कोलकाता, पश्चिम बंगाल) | 43.8 करोड़ |
| 9 | टोक्यो स्टेशन (टोक्यो, जापान) | 43.3 करोड़ |
| 10 | नागोया स्टेशन (नागोया, जापान) | 42.3 करोड़ |
ये भी पढ़ें: हावड़ा स्टेशन पर प्लेटफार्म नंबर 24 तैयार, दोपहर बाद रवाना होगी 26 डिब्बों वाली ट्रेन
पश्चिम बंगाल के लिए क्यों खास है यह उपलब्धि?
भारतीय रेलवे नेटवर्क में पश्चिम बंगाल की उपनगरीय और क्षेत्रीय रेल सेवाएं देश की सबसे घनी आबादी और आवाजाही को संभालती हैं. कोलकाता मेट्रो, लोकल ट्रेनों और लंबी दूरी की ट्रेनों के संगम से बने हावड़ा और सियालदह न केवल पश्चिम बंगाल, बल्कि पूरे पूर्वी और उत्तर-पूर्वी भारत के लिए संपर्क का मुख्य द्वार हैं.
