मुख्य बातें
Election Commission Meeting: कोलकाता. बंगाल में विधानसभा चुनाव को ले कर चुनाव आयोग की आज विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक हुई. बैठक में भाजपा ने जहां राज्य की कानून व्यवस्था पर अविश्वास जताया और अपनी 16 सूत्री मांगे रखीं, वहीं माकपा के प्रतिनिधियों ने विधानसभा चुनाव अधिकतम दो चरणों में संपन्न कराने का आग्रह किया. सीपीएम के प्रतिनिधियों ने कहा कि एक चरण में मतदान हो तो बेहतर. अधिकतम दो चरणों में मतदान से भी कोई आपत्ति नहीं है. सीपीएम प्रतिनिधिमंडल ने एसआईआर पर आयोग की बैठक में अपना गुस्सा जाहिर किया. सलीम ने खुलकर कहा- हम जानना चाहते हैं कि आयोग ने मतदाता सूची तैयार करते समय लोगों को अपना दुश्मन क्यों बनाया. इसने जनता के खिलाफ जंग क्यों छेड़ी. चुनाव आयोग यातना आयोग क्यों बन गया. उन्हें मतदान से पहले अपनी गरिमा बनाए रखनी होगी.
भाजपा ने रखी 16 सूत्री मांगें
भाजपा प्रतिनिधिमंडल 16 मांगों के साथ आयोग की पूर्ण पीठ के समक्ष आया है. इस सूची में केंद्रीय बलों के उचित उपयोग से लेकर शांतिपूर्ण चुनाव सुनिश्चित करने और धांधली रोकने तक की मांगें शामिल हैं. शिशिर बाजोरिया ने कहा- हम राज्य पुलिस की भूमिका से नाखुश हैं. हमने इस बारे में आयोग को सूचित कर दिया है. हम चाहते हैं कि हर बूथ पर केंद्रीय बलों की मदद से मतदान कराया जाए. वेब कैमरे होने चाहिए. अगर कहीं कैमरा खराब हो जाता है, तो मतदान रोक दिया जाए या फिर से चुनाव कराया जाए. बूथ में प्रवेश करने से पहले हर व्यक्ति की पहचान सत्यापित की जानी चाहिए. वहां कोई पुलिस या पार्टी एजेंट मौजूद नहीं होगा. आयोग का लक्ष्य हिंसा-मुक्त और शांतिपूर्ण मतदान कराना है. हमने कहा है कि हम इसमें हर संभव सहायता प्रदान करेंगे.
मतदान लोकतांत्रिक तरीके से नहीं हुआ!
बैठक के बाद तापस रॉय ने कहा-कई राज्यों में लोकतांत्रिक तरीके से मतदान नहीं हुआ है. इन राज्यों में लोकतंत्र को पुनर्जीवित करना आयोग की जिम्मेदारी है. ममता और उनकी टीम अभी भी डर दिखा रही है. ज्ञानेश कुमार की उंगली काटना संविधान की उंगली काटने के बराबर है. तृणमूल को बहुत बड़ा झटका लगा है. हम हिंसा-मुक्त, भय-मुक्त और शांतिपूर्ण चुनाव चाहते हैं. भाजपा प्रतिनिधियों ने कहा कि आयोग के साथ बैठक में एसआईआर पर कोई चर्चा नहीं हुई. केवल चुनाव की स्थिति पर ही बात हुई. जगन्नाथ चटर्जी ने कहा- हमने एसआईआर पर चर्चा नहीं की. इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट में एक मामला चल रहा है. अदालत जो भी फैसला लेगी, हम उसे मानने के लिए बाध्य हैं. आज बैठक में केवल मतदान पर चर्चा हुई. हमने अपनी असंतुष्टि व्यक्त की है.
कांग्रेस ने सुरक्षा पर उठाया सवाल
कांग्रेस को सुरक्षा चाहिए, चरणबद्ध मतदान नहीं. आयोग के साथ बैठक के बाद कांग्रेस नेता प्रदीप भट्टाचार्य ने कहा- चाहे एक चरण हो, दो चरण हों या तीन चरण हों – हमें सुरक्षा चाहिए. आयोग यह सुनिश्चित करे कि मतदान निष्पक्ष रूप से हो. अगर मतदान एक ही चरण में हो जाए तो हमें खुशी होगी, लेकिन सुरक्षा हमारी प्राथमिकता है. मैंने आयोग को यह बात स्पष्ट कर दी है.
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सबसे पहले पहुंचे भाजपा के प्रतिनिधि
बंगाल विधानसभा चुनाव की तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए तीन दिवसीय दौरे पर आयी चुनाव आयोग की पूरी बेंच आज राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ विधानसभा चुनाव पर विचार-विमर्श किया. बैठक में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के अन्य दो आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी भी मौजूद हैं. बैठक के लिए सबसे पहले भाजपा के प्रतिनिधि पहुंचे. इनमें शिशिर बाजोरिया, तापस रॉय और जगन्नाथ चटर्जी शामिल थे. तृणमूल की ओर से फिरहाद हकीम, राजीव कुमार और चंद्रिमा भट्टाचार्य आयोग की बैठक में शामिल हैं. सीपीएम के प्रतिनिधि भी बैठक में पहुंचे. पार्टी के राज्य सचिव मोहम्मद सलीम के अलावा, अफरीन बेगम और शामिक लाहिड़ी भी मौजूद हैं. तृणमूल प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों में से एक राजीव कुमार आयोग की बैठक में आये हैं. कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल में आशुतोष चटर्जी और प्रदीप भट्टाचार्य हैं.
