कोलकाता आ रहे हैं ईडी के डायरेक्टर राहुल नवीन, कोयला चोरी समेत अन्य केस की करेंगे समीक्षा

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के डायरेक्टर कोलकाता आ रहे हैं. तृणमूल कांग्रेस को पॉलिटिकल एडवाइज देने वाली कंपनी आई-पैक के ठिकानों और कोयला कारोबारियों के यहां छापेमारी के बाद ईडी के चीफ के इस दौरे को अहम माना जा रहा है. कोलकाता में ईडी चीफ कोयला चोरी समेत अन्य केस की समीक्षा भी करेंगे.

पश्चिम बंगाल में कुछ दिनों से कोयला चोरी मामले में एक्शन में आयी सेंट्रल एजेंसी डायरेक्टरेट ऑफ इन्फोर्समेंट (ईडी) के डायरेक्टर कोलकाता आ रहे हैं. ईडी के निदेशक राहुल नवीन ईस्टर्न जोन में सेंट्रल एजेंसी के कामकाज की समीक्षा करने के लिए बृहस्पतिवार को कोलकाता पहुंच सकते हैं. उनका दौरा हाल में राजनीतिक परामर्श कंपनी इंडियन पॉलिटिकल ऐक्शन कमेटी (आई-पैक) के ऑफिस और उसके निदेशक प्रतीक जैन और कुछ अन्य लोगों के यहां कथित कोयला चोरी मामले में हुई ईडी की कार्रवाई के बाद हो रही है.

ईडी के कार्यों की समीक्षा करेंगे राहुल नवीन

अधिकारियों ने बताया है कि ईडी के डायरेक्टर नवीन कोलकाता के सॉल्ट लेक स्थित एजेंसी के पूर्वी क्षेत्रीय कार्यालय जायेंगे. वहां वह अपने स्टाफ से बातचीत करेंगे और जोन में जिन मामलों की जांच चल रही है, उनकी समीक्षा करेंगे. अधिकारी ने बताया कि हाल के घटनाक्रम को ध्यान में रखते हुए, वह ईडी के अधिकारियों से उनके और कार्यालय परिसर के लिए समस्त कार्य परिस्थितियों और सुरक्षा इंतजाम पर फीडबैक भी लेंगे.

8 जनवरी को दिल्ली यूनिट ने प्रतीक जैन के ठिकानों की ली थी तलाशी

आई-पैक के ऑफिस और उसके डायरेक्टर के आवास की तलाशी ईडी की दिल्ली यूनिट के अधिकारियों ने 8 जनवरी को ली थी. इस मामले में सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई चल रही है. ईडी ने कोर्ट में दावा किया है कि पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ममता बनर्जी और उनके अधिकारियों ने तलाशी को बाधित किया. ये लोग छापेमारी के बीच से ‘महत्वपूर्ण’ सबूत जबरन उठाकर ले गये. एजेंसी ने उनके खिलाफ सीबीआई जांच की मांग की है.

बंगाल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

टीएमसी ने ईडी पर लगाये थे इलेक्शन स्ट्रैटजी चोरी करने के आरोप

तृणमूल कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि ईडी राज्य में होने वाले विधानसभा चुनावों से ठीक पहले आई-पैक के ठिकानों से उसकी (टीएमसी की) इलेक्शन स्ट्रैटेजी से जुड़े डॉक्युमेंट्स ले जाने की कोशिश कर रही थी. आई-पैक 2021 से तृणमूल कांग्रेस सरकार को राजनीतिक परामर्श दे रही है.

संदेशखाली में ईडी अफसरों पर हमले के बाद कोलकाता आये थे निदेशक

अधिकारियों ने कहा कि ईडी प्रमुख नियमित समीक्षा के लिए अलग-अलग इलाकों का दौरा करते रहते हैं. इसी तरह, जनवरी 2024 में दक्षिण 24 परगना जिले के संदेशखाली में एजेंसी के अफसरों पर हमले के तुरंत बाद नवीन कोलकाता आये थे. इसके बाद, उन्होंने अपने अधिकारियों से मुलाकात की थी. ऑफिस और अफसरों की सिक्यूरिटी और ऑपरेशंस की समीक्षा की थी. उन्होंने पश्चिम बंगाल के राज्यपाल डॉ सीवी आनंद बोस से भी मुलाकात की थी.

इसे भी पढ़ें

आई-पैक रेड केस : मुश्किल में ममता बनर्जी! सुप्रीम कोर्ट ने जारी किया नोटिस, पढ़ें ईडी और टीएमसी चीफ के वकीलों की दलीलें

जीएसटी घोटाला : कोलकाता समेत तीन राज्यों में इडी का छापा

पश्चिम बंगाल में फिर एक्शन में सेंट्रल एजेंसी ईडी, कोल स्मगलिंग केस में 7 लोगों को भेजा समन

प्रतीक जैन के घर से सबूत उठा ले गयीं ममता बनर्जी, I-PAC के ठिकानों पर रेड मामले में ईडी का गंभीर आरोप

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं। उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है। उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवरेज करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ में भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है। मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >