सुरक्षा के लिए मृतका के परिजन या गवाह निचली अदालत में कर सकेंगे आवेदन
कोलकाता. कलकत्ता उच्च न्यायालय नदिया के कालीगंज की तमन्ना की मौत के मामले में चल रही जांच प्रक्रिया से असंतुष्ट है. शुक्रवार को न्यायाधीश तीर्थंकर घोष ने आदेश दिया कि पुलिस को मामले में नामजद 14 आरोपियों के खिलाफ की गयी जांच पर अदालत में एक रिपोर्ट पेश करनी होगी. इसके अलावा अगर परिवार के सदस्यों और मामले के गवाहों पर किसी तरह के हमले की आशंका है, तो वे निचली अदालत में आवेदन करें. राज्य सरकार आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था मुहैया करायेगी. राज्य पुलिस को 28 अक्तूबर को मामले की अगली सुनवाई में जांच की प्रगति रिपोर्ट पेश करनी होगी. गौरतलब है कि पुलिस जांच से असंतुष्ट तमन्ना खातून के परिवार ने पिछले हफ्ते कलकत्ता उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था. कालीगंज में हुए विस्फोट में मारी गयी तमन्ना खातून के परिवार ने घटना की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए एक मामला दायर किया था. वकीलों ने कहा कि पुलिस ने इस घटना में 340 पन्नों की चार्जशीट तो दाखिल कर दी है, लेकिन सभी को गिरफ्तार नहीं किया गया है और परिवार को धमकाया जा रहा है. परिवार और गवाहों को सुरक्षा प्रदान करने का आवेदन किया गया था. साथ ही इस घटना की निष्पक्ष जांच की मांग की गयी थी.
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