घर में सीसीटीवी लगाने के लिए सभी सदस्यों की सहमति जरूरी: सुप्रीम कोर्ट
घर के बाहर या अंदर सीसीटीवी कैमरे लगाने को लेकर अक्सर होने वाले विवाद अब सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गये हैं.
कोलकाता. घर के बाहर या अंदर सीसीटीवी कैमरे लगाने को लेकर अक्सर होने वाले विवाद अब सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गये हैं. सर्वोच्च अदालत ने इस संबंध में एक अहम फैसला सुनाया है. फैसले में स्पष्ट किया गया है कि परिवार के सभी सदस्यों की सहमति के बिना घर में सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाये जा सकते. सुप्रीम कोर्ट ने कलकत्ता हाइकोर्ट के इस फैसले से सहमति जतायी है कि बिना अनुमति के सीसीटीवी कैमरे लगाना निजता के अधिकार का उल्लंघन है. यह फैसला दो भाइयों के बीच चल रहे एक विवाद को निपटाते हुए सुनाया गया, जिसमें कैमरे लगाने को लेकर तकरार थी. इस फैसले के बाद अब किसी भी घर में सीसीटीवी कैमरे लगाने से पहले वहां रहने वाले सभी लोगों की सहमति लेना अनिवार्य होगा. यह निर्णय निजता के अधिकार के महत्व को रेखांकित करता है और इसे एक व्यक्तिगत स्वतंत्रता के रूप में स्थापित करता है, जिस पर किसी की मनमानी नहीं चल सकती.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
