तृणमूल के सत्ता में आने के बाद बंगाल में औद्योगीकरण घटा

खड़गपुर में प्रेस वार्ता कर विमल शंकर नंद ने ममता सरकार को घेरा

खड़गपुर में प्रेस वार्ता कर विमल शंकर नंद ने ममता सरकार को घेरा खड़गपुर. भाजपा के राज्य स्तरीय प्रवक्ता विमल शंकर नंद ने गुरुवार को खड़गपुर में आयोजित प्रेस वार्ता में तृणमूल कांग्रेस सरकार पर पश्चिम बंगाल में औद्योगीकरण ठप करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि राज्य में तृणमूल के सत्ता में आने के बाद से औद्योगिक विकास लगातार गिरता गया है. विमल शंकर नंद ने कहा कि पश्चिम बंगाल आज औद्योगीकरण के संकट से जूझ रहा है. इस मुद्दे को सामने लाने के लिए भाजपा ने राज्य में औद्योगीकरण की स्थिति पर एक बुकलेट “पश्चिम बंगाल : औद्योगीकरण का कब्रिस्तान” जारी की है. बुकलेट में इस बात पर जोर दिया गया है कि राज्य में रोजगार सृजन के लिए बड़े उद्योगों की स्थापना समय की सबसे बड़ी जरूरत है. भाजपा प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि तृणमूल सरकार की नीतियों के कारण बड़े औद्योगिक घरानों ने पश्चिम बंगाल छोड़ दिया, जिससे राज्य में औद्योगीकरण की संभावनाओं को भारी नुकसान पहुंचा है. उन्होंने कहा कि सिंगूर और नंदीग्राम में हुई घटनाओं ने देशभर के उद्योगपतियों के बीच राज्य को लेकर नकारात्मक संदेश दिया. विमल शंकर नंद ने कहा कि पश्चिम बंगाल में दोबारा औद्योगीकरण को गति देने का एकमात्र समाधान बड़े उद्योगों की स्थापना है. साथ ही उन्होंने सुझाव दिया कि किसानों से ली गयी जमीन पर बनने वाली औद्योगिक इकाइयों में किसानों को मालिकाना हक दिया जाना चाहिए. भाजपा प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि तृणमूल कांग्रेस ने बंगाल को आर्थिक रूप से कमजोर किया है. उन्होंने दावा किया कि भाजपा वर्ष 2026 में सत्ता में आकर बंगाल को फिर से “सोनार बांग्ला” बनायेगी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By SANDIP TIWARI

SANDIP TIWARI is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >