कोलकाता. बागुइहाटी थाना क्षेत्र की एक वृद्धा से डिजिटल अरेस्ट के नाम पर 30 लाख रुपये की ठगी कर ली गयी. जानकारी के मुताबिक, जालसाजों ने खुद को मुंबई पुलिस का ऑफिसर बताकर वृद्धा को फोन कर कहा कि उनके खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग का केस है, कोर्ट से अरेस्ट वारंट जारी हुआ है. साथ ही बंबई हाइकोर्ट के नाम से एक फर्जी अरेस्ट वारंट भी भेज दिया. वृद्धा घबराकर जालसाजों के झांसे में आ गयीं. जालसाजों ने धमकाया कि मनी लॉन्ड्रिंग का केस है इसलिए उनके अकाउंट में सारे पैसे वापस भेजने होंगे, वे लोग चेक करेंगे, अगर सब ठीक रहा, तो पैसे पुन: वृद्धा के अकाउंट में भेज दिये जायेंगे और अगर वह ऐसा नहीं करती हैं तो अरेस्ट किया जायेगा. महिला ने घबराकर उनके कहे अनुसार जालसाजों के अकाउंट में 30 लाख रुपये भेज दिये. पैसे भेजने के बाद महिला को अहसास हुआ कि वह ठगी का शिकार हो गयी हैं. फिर महिला ने विधाननगर साइबर क्राइम थाने में शिकायत दर्ज करायी. पुलिस मामले की जांच कर रही है.
डिजिटल अरेस्ट के नाम पर वृद्धा से ठगे 30 लाख
बागुइहाटी थाना क्षेत्र की एक वृद्धा से डिजिटल अरेस्ट के नाम पर 30 लाख रुपये की ठगी कर ली गयी.
