कोलकाता : उत्तर 24 परगना जिले के हाबरा में डेंगू का कहर जारी है. पिछले सात दिनों में अब तक चार लोगों की मौत हो चुकी है. इसी क्रम में पिछले ग्यारह दिनों से डेंगू से पीड़ित एक शिक्षक की देर रात मौत हो गयी. मृतक का नाम धीमान कांति मल्लिक (41) है. वह अपने परिवार का एक मात्र सहारा थे. जीविका उन्हीं के सहारे चलता था.
शुक्रवार रात हाबरा अस्पताल से गंभीर हालत में एक गैर सरकारी अस्पताल में स्थानांतरित करने के दौरान उनकी मौत हो गयी. वहीं कई मरीज अज्ञात बुखार से हाबरा स्टेट जनरल अस्पताल में भर्ती हैं, जिनमें कइयों में डेंगू के जीवाणु पाये गये हैं.
जानकारी के मुताबिक, धीमान हाबरा नगरपालिका के 17 नंबर वार्ड के निवासी थे. वह पेशे से प्राथमिक स्कूल के शिक्षक थे. धीमान के डेथ सर्टिफिकेट में डेंगू का उल्लेख है. मालूम हो कि हाल ही में डेंगू से रीता बाला, शंकर सरकार और लक्खी राहा की मौत हुई है और कई अब भी बीमार हैं.
मंत्री व स्वास्थ्य अधिकारी ने लिया जायजा
हाबरा में बढ़ते डेंगू की स्थिति को लेकर शनिवार को राज्य के खाद्य मंत्री ज्योतिप्रिय मल्लिक ने हाबरा स्टेट जनरल अस्पताल का दौरा किया. स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी अजय चक्रवर्ती के नेतृत्व में भी एक टीम ने अस्पताल का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया. संबंधित विभाग के कर्मचारियों को साफ-सफाई के साथ-साथ इलाके में स्वच्छता बरकरार रखने की हिदायत दी गयी है.
वार्ड में गंदगी का लगाया आरोप
मृत शिक्षक की पत्नी शंपा मल्लिक का आरोप है कि हाबरा नगर पालिका के 17 नंबर वार्ड में इलाके में साफ-सफाई नहीं की जा रही है, जिस कारण से इलाके में गंदगी की वजह से लोग डेंगू के शिकार हो रहे हैं. धीमान एक मात्र परिवार का सहारा थे. उनके जाने से परिवार पूरी तरह से असहाय हो गया है. घर में एक छोटा बच्चा है.
