द्विपक्षीय संवाद के माध्यम से टैक्स निर्धारण होगा स्वीकार्य

नगर निगम प्रशासन ने व्यवसायिक संगठनों के बीच बने गतिरोध को तोड़ते हुए आगामी नौ मार्च को संयुक्त बैठक बुलायी है. इसके मद्देनजर विभिन्न व्यवसायिक संगठनों के पदाधिकारियों की राय तथा समस्याएं क्रमिक रूप से रखने के तहत उनके बयान रखे जा रहे हैं. सुविधा, विसंगतियां बने टैक्स निर्धारण का आधार : जामुड़िया चेंबर जामुड़िया. […]

नगर निगम प्रशासन ने व्यवसायिक संगठनों के बीच बने गतिरोध को तोड़ते हुए आगामी नौ मार्च को संयुक्त बैठक बुलायी है. इसके मद्देनजर विभिन्न व्यवसायिक संगठनों के पदाधिकारियों की राय तथा समस्याएं क्रमिक रूप से रखने के तहत उनके बयान रखे जा रहे हैं.
सुविधा, विसंगतियां बने टैक्स निर्धारण का आधार : जामुड़िया चेंबर
जामुड़िया. जामुड़िया चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के सचिव अजय खेतान ने कहा कि नगर निगम प्रशासन को किसी भी टैक्स का निर्धारण करते समय क्षेत्र विशेष की व्यवसायिक विसंगतियों को ध्यान में रखना होगा. तभी नगर निगम इलाके के सभी क्षेत्रों का समान रुप से विकास हो सकेगा. उन्होंने कहा कि मेयर जितेंद्र तिवारी ने आगामी नौ मार्च को विभिन्न व्यवसायिक संगठनों के प्रतिनिधियों की संयुक्त बैठक बुलाकर सार्थक पहल की है. चेंबर को आमंत्नण पत्न मिला है तथा चेंबर के कम से कम 50 सदस्य इसमें अपनी समस्याओं के ब्यौरे के साथ भागीदारी करेंगे. उन्होंने कहा कि नगर निगम प्रशासन तथा व्यवसायिक संगठनों के बीच बने गतिरोध को तोड़ने की दिशा में मेयर श्री तिवारी ने सार्थक पहल की है.
चेंबर मेयर श्री तिवारी को जामुड़िया क्षेत्न के विभिन्न व्यवसायिक समस्याओं से अवगत कर उनका समाधान करने का आग्रह करेगा. उन्होंने कहा कि जामुड़िया क्षेत्न पहले पंचायत क्षेत्न था. तत्पश्चात इसे अधिसूचित क्षेत्र बनाया गया. वर्ष 1995 में इसे नगरपालिका का दर्जा मिला. इसके ठीक 20 वर्ष बाद इसे आसनसोल नगर निगम में विलय कर दिया गया. इससे जामुड़िया के निवासियों को उम्मीद जगी कि मरु भूमि में परिणत हो रहे जामुड़िया को विकास की रोशनी मिलेगी. लेकिन अभी तक निराशा ही हाथ लगी है. श्री खेतान ने कहा कि होल्डिंग टैक्स, ट्रेड लाइसेंस टैक्स एवं गारबेज टैक्स को जोनवाइज लागू करना होगा. रानीगंज एवं आसनसोल से जामुड़िया की तुलना नहीं हो सकती है. उन्होंने कहा कि जामुड़िया में न तो बड़ा अस्पताल है और न शव जलाने को श्मशान. आधुनिक बस स्टैंड, पार्क, स्टेडियम और कॉलेज की सुविधा तो काफी दूर की बात है. आसनसोल तथा जामुड़िया में एक समान गारबेज टैक्स का क्या औचित्य है? यही स्थिति प्रोपर्टी टैक्स तथा ट्रेड लाइसेंस शुल्क की है. उन्होंने कहा कि मेयर होने के नाते श्री तिवारी का यह दायित्व है कि इन सीमावद्धताओं के बीच ही वे जामुड़िया का भी विकास करें. उन्होंने कहा कि सुविधा के लिए जामुड़िया के निवासियों को आवागमन में अतिरिक्त खर्च करना पड़ता है. मामला इलाज का हो या पढ़ाई का. उन्होंने कहा कि रेलवे की सुविधा नहीं के बराबर है.
कई वर्ष पूर्व एसबीएसटीसी बस कोलकाता के लिए शुरू की गयी थी. लहीं जारी है. बैद्यनाथधाम के लिए इकलौती लोकल ट्रेन चलती है. उन्होंने कहा कि जामुड़िया को ग्रेडिंग कर सबसे नीचे के ग्रेड में रखा जाना चाहिए. यहां के निवासी मूलभूत सुविधा सड़क, पानी तथा बिजली से वंचित हैं. कहने को तो इंडस्ट्रियल पार्क है पर इसे नोटिफाइड तक नहीं किया गया है. काफी उम्मीद से चेंबर सदस्य इस बैठक में शामिल होंगे.

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