आकांक्षा के साथ भोपाल काली मंदिर में की थी शादी

बांकुडा : भोपाल के कालीमंदिर में आकांक्षा के साथ शादी रचाने की बात स्वीकार की तीन-तीन हत्याओं के आरोपी उदयन ने. पुलिस रिमांड में जारी पूछताछ के दौरान उसने पुलिस अधिकारियों के समक्ष खुलासा किया कि बीते 23 सितंबर, 2015 को भोपाल के कालीमंदिर में दोनों ने शादी की थी. पूछताछ में उसने आकांक्षा के […]

बांकुडा : भोपाल के कालीमंदिर में आकांक्षा के साथ शादी रचाने की बात स्वीकार की तीन-तीन हत्याओं के आरोपी उदयन ने. पुलिस रिमांड में जारी पूछताछ के दौरान उसने पुलिस अधिकारियों के समक्ष खुलासा किया कि बीते 23 सितंबर, 2015 को भोपाल के कालीमंदिर में दोनों ने शादी की थी.
पूछताछ में उसने आकांक्षा के साथ वैलेंटाइन डे की कई यादों को उसने शेयर किया. उसने कहा कि आकांक्षा के साथ उसका परिचय अकरुट के माध्यम से वर्ष 2007 में हुआ था. 10 जून, 2007 मे आकांक्षा के साथ पहली मुलाकात जयपुर में हुई थी. किंतु बाद मे दोनों के बीच बातचीत बंद होने के चलते वर्ष 2014 मे फेसबुक से फिर से दोस्ती हुइ. इसके बाद दोनों 13 दिसंबर , 2014 को कोलकाता के एक होटल में मिले.
मित्रता को सिलेब्रेट करने के लिए उन्होंने पहला वेलेंटाइन डे वर्ष 2015 मे पटना के एक रेस्तरां में मनाया. वह उसी दिन वापस घर लौट गया था. क्योंकि उसने आकांक्षा को बताया था कि वह सीधे अमेरिका से आया है और उसे शीघ्र लौटना है. वर्ष 2016 में वैलेंटाइन डे दिल्ली के एक रेस्तरं में दोनों ने मनाया. चिकेन ब्रेस्ट एवं वाइन के साथ उसने इस अवसर को सिलेब्रेट किया था.
उसने कहा कि 23 सिंतबर, 2015 को दोनो एक साथ भोपाल गये. इसके पहले भी दोनों कई बार भोपाल जा चुके थे. उसने कहा कि उसी दिन उन्होंने भोपाल के काली मंदिर में शादी कर ली तथा साकेतनगर स्थित घर में रहने लगे. उसने कहा कि शादी करने जाने के पहले ही उसने आकांक्षा के लिए घर की भव्य सजावट भी की थी.
उसने कहा कि आकांक्षा भी दो मोबाइल फोन का उपयोग करती थी. उदयन का प्रिय डिश फिश कढ़ी है. मां के हाथ का इलिस मछली काफी पसंद था, देशी शराब ते साथ बीड़ी पीने का शौकीन है.
पुलिसिया पूछताछ में उदयन ने कहा कि उसने 27 जुलाई, 2010 को अपने माता-पिता की हत्या की थी. फर्जी कागजात के बाद मां का पेंशन उठाना जारी रखा. वह इसी क्रम में एस्कोर्ट्स सर्विस से जुड़ गया था. उसका कार्य इंदौर, दिल्ली एवं मुम्बई में होता था. वर्ष 2014 तक उसने एस्कोर्ट्स सर्विस पर ध्यान दिया. इसी बीच वर्ष 2013 में पैसे की किल्लत के चलते उसने रायपुर स्थित बंगला को बेच दिया. उसने कहा कि एस्कोर्ट्स सर्विस में उसका काफी पैसा बरबाद हुआ था.
पुलिस अधीक्षक सुखेन्दू हीरा ने कहा कि उक्त दोहरे हत्याकांड की जांच रायपुर पुलिस कर रही है. उसके साथ इन बयानों को शेयर किया गया है. उदयन के पास से बरामद उसके माता-पिता के मोबाइल फोन सेट तथा जर्मन लेपटॉप भी रायपुर पुलिस को सौंपे जायेंगे. उदयन लेपटॉप के जरिये आइपीआर पता चेंज करता रहता था. उसके कई क्र ेकफाइल का पता चला है जिसे वह हाइड करके रख्ता था.

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