11 सूत्री मांग पत्र सौंपा कंपनी के कार्मिक निदेशक केएस पात्र को
ललमटिया खदान दुर्घटना में भादवि की धारा 302 के तहत हो प्राथमिकी
सांकतोड़िया : 11 सूत्री मांगों के समर्थन में कोल माइंस वर्कर्स यूनियन ने सोमवार को इसीएल मुख्यालय के समक्ष विक्षोभ प्रदर्शन किया. कार्मिक निदेशक केएस पात्र को मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा. श्री पात्र ने उचित कार्रवाई करने का आश्वासन दिया.
यूनियन के अध्यक्ष उपेंद्र सिंह, संयुक्त सचिव कृष्णा सिंह, मुगमा क्षेत्रीय सचिव जगदीश शर्मा, मुख्तार अंसारी, शमीमा खातून, सुरेंद्र सिंह, ओपी पांडे आदि ने इसका नेतृत्व किया. अध्यक्ष श्री सिंह ने कहा कि राजमहल परियोजना की ललमटिया खान दुर्घटना में श्रमिकों की मौत के लिए निजी कंपनी महालक्षमी दोषी है. उसके अधिकारियों के खिलाफ भादवि की धारा 302 के तहत मुकदमा दायर हो तथा कंपनी को ब्लैक लिस्टेड किया जाय. मृतक के आश्रितों को 25 लाख रुपये मुआवजा एवं उनके आश्रित को नौकरी दी जाये. उन्होंने कहा कि सुरक्षा मानकों का पालन नहीं हो रहा है. ओवर वर्डेन का स्लोप 45 डिग्री के बजाय 90 डिग्री है. डंपर व शॉवेल ऑपरेटरों को वोकेशनल ट्रेनिंग तक नहीं मिलती है.
उन्होंने कहा कि दसवां राष्ट्रीय वेतन समझौता मार्च से पहले हो. खदानों की देखरेख में लाठी धारी निजी सुरक्षा गार्ड लगाने के कारण मुगमा क्षेत्र में केबल लूट की घटनाएं हो रही है. मुगमा रीजनल हॉस्पीटल एवं सभी कोलियरी के डिस्पेंसरी में चिकित्सकों को बहाल किया जाये. दवा की व्यवस्था हो.
