कोलकाता : कलकत्ता उच्च न्यायालय की एक खंडपीठ ने एक निर्दलीय पंचायत सदस्य की हत्या से जुड़े पारुई हत्या मामले में एकल पीठ के सीबीआई जांच के आदेश को खारिज कर दिया.
इससे पहले हाईकोर्ट की एकल पीठ ने हत्याकांड की सीबीआई जांच के आदेश दिये थे.कलकत्ता उच्च न्यायालय ने पारुई हत्याकांड की राज्य की एजेंसियों द्वारा की गयी जांच को खारिज करते हुए केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआइ) को इसकी जांच करने का निर्देश दियाथा.. अदालत का यह निर्देश पश्चिम बंगाल की तृणमूल सरकार के लिए एक झटका माना जा रहा है.
न्यायमूर्ति हरीश टंडन ने पश्चिम बंगाल के पुलिस महानिदेशक की अगुवाई वाले विशेष जांच दल (एसआइटी) को जांच से संबंधित सारी सामग्री सीबीआइ के सुपुर्द करने का निर्देश दियाथा. न्यायमूर्ति टंडन ने कहा कि हाइकोर्ट सीबीआइ जांच की निगरानी करेगा और जांच एजेंसी समय समय पर अदालत में रिपोर्ट पेश करेगी.
बीरभूम के पारुई थानाक्षेत्र के बदनाबग्राम में पिछले वर्ष 21 जुलाई की रात को सागर घोष को गोली मार दी गयी थी और दो दिन बाद उन्होंने दम तोड़ दिया . हाइकोर्ट ने सागर घोष के बेटे हृदय घोष के अनुरोध पर इस हत्याकांड की सीआइडी जांच का आदेश दिया था. हृदय ने यह दावा करते हुए स्वतंत्र जांच के लिए अदालत का दरवाजा खटखटाया था कि जिला पुलिस पक्षपातपूर्ण तरीके से काम कर रही है. अदालत ने बाद में इस मामले की जांच के लिए पुलिस महानिदेशक की अगुवाई में विशेष जांच दल गठित करने का निर्देश दिया था.
