कोलकाता: पार्क स्ट्रीट इलाके के एलियट रोड में गत जून महीने में हुए एक स्क्रिप्ट राइटर देव कुमार मुखर्जी के कत्ल के मामले को सुलझाते हुए पार्क स्ट्रीट थाने की पुलिस ने कत्ल के दो आरोपियों को दबोच लिया है. गिरफ्तार आरोपियों के नाम अब्दुल हसन (25) और नियाज रहमान (30) है. इसमें अब्दुल मुंबई के मीरा रोड का रहने वाला है, जबकि दूसरे आरोपी नियाज को एलियट रोड स्थित उसके घर से दबोचा गया. पुलिस का दावा है कि पूछताछ में दोनों ने कत्ल के आरोप को स्वीकार कर लिया है.
डीसी (साउथ) मुरलीधर शर्मा ने बताया कि गत 11 जून को पार्क स्ट्रीट इलाके के एलियट रोड में देव कुमार मुखर्जी नामक एक स्क्रिप्ट राइटर की गला दबा कर हत्या कर दी गयी थी. उसके बेटे की शिकायत के बाद पुलिस तफ्तीश शुरू करते हुए मुख्य आरोपी तक पहुंच सका. उन्होंने बताया कि आसपास के इलाके के लोगों से पूछताछ में एक व्यक्ति से एक सुराग मिला. उस व्यक्ति ने 10 जून को घटना वाले दिन एक अनजान युवक को संदिग्ध स्थित में उनके फ्लैट में जाते व बाहर निकलते की बात पुलिस से कही. संदिग्ध युवक कान में बाली पहने था. इस जानकारी के बाद ही पुलिस उस युवक की तलाश में जुट गयी. मृतक देव कुमार के फोन कॉल का डिटेल जांच किया गया. जिसमें 17 ऐसे नंबर मिले जो गत एक या दो दिन पहले सिर्फ एक बार देव को फोन किये थे.
उन्होंने बताया कि इन 17 मोबाइल नंबरों में से चार ऐसे नंबर थे, जो व्हाट्स एैप में सक्रिय थे. जांच अधिकारी ने इन चार नंबर को अपने मोबाइल में सेव कर उसके व्हाट्स एैप अकाउंट से चारों की तस्वीर निकाली. इसमें से एक फोटो कान में बाली पहने उस युवक का था. इसके बाद पुलिस ने संदिग्ध युवक की तस्वीर स्थानीय उस व्यक्ति को दिखायी जिसने संदिग्ध युवक के फ्लैट में आने की जानकारी दी थी.
वह युवक इस फोटो को देखते ही पहचान गया. जिसके बाद उस युवक के मुंबई में होने का पता चला. तत्काल पुलिस की एक टीम मुंबई पहुंची और मीरा रोड से अब्दुल हसन नामक संदिग्ध युवक को गिरफ्तार कर लिया. मुंबई से अब्दुल हसन को गिरफ्तार कर उससे पूछताछ के बाद इस मामले में शामिल उसके साथी नियाज रहमान को भी एलियट रोड से दबोच लिया. पूछताछ में अब्दुल ने पुलिस को बताया कि दोनों आपस में मित्र है और कॉल सेंटर में काम करते थे. हाल ही में उसमें से फिल्म इंडस्ट्री में किस्मत आजमाने के लिए अब्दुल हसन मुंबई चला गया और वहां हीरो बनने की ट्रेनिंग ले रहा था. इधर एक दिन बातों ही बातों में नियाज ने हावड़ा में स्थित एक जमीन में खुद का कॉल सेंटर खोलने की बात अब्दुल से कही. जिसके बाद अब्दुल मुंबई से महानगर आ गया. देव के इलाके एलियट रोड में रहने के कारण देव अच्छी तरह से नियाज को पहचानता था और पहले भी छोटी मोटी आर्थिक मदद उसे कर चुका था. अब 10 जून की शाम को दोनों देव के पास पहुंचे और उससे कॉल सेंटर के लिए रुपये मांगे. जिसे देने से इनकार करने पर गुस्से में अब्दुल ने उसका गला दबाया और नियाज ने उसके जुबां पर जोरदार घुसा मारा. इससे देव वहीं बेहोश हो गया. घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गयी. जिसके एक दिन बाद इस घटना का खुलासा हुआ. बैंकशाल अदालत में दोनों को पेश करने पर पुलिस हिरासत में भेज दिया गया.
