UP News: उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में पुलिस की तत्परता ने दो मासूम सगे भाइयों की जान बचा ली. बिसंडा थाना क्षेत्र के पुनाहुर गांव में खेलते समय दोनों बच्चे बिजली के खंभे के सहारे लगे अर्थ वायर की चपेट में आ गए और करंट से चिपक गए. उन्हें बचाने की कोशिश में आसपास के बच्चे भी घबरा गए, जबकि ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई. हादसे के समय बच्चों के परिजन खेतों में काम करने गए थे. सूचना मिलते ही मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने कार्रवाई शुरू की.
दूसरी जांच के लिए पर पहुंची थी पुलिस
संयोग से थाना बिसंडा की पुलिस टीम उसी गांव में एक शिकायत की जांच के लिए पहुंची हुई थी. कांस्टेबल जितेंद्र कुमार और कांस्टेबल सुनील कुमार बिंद ने ग्रामीणों की भीड़ और भागदौड़ देखी तो तुरंत घटनास्थल की ओर दौड़े. वहां दोनों भाइयों को बिजली के तार से चिपका देखकर उन्होंने खतरे की गंभीरता समझी. अधिकारियों के अनुसार, पुलिसकर्मियों ने लकड़ी के डंडे की मदद से बच्चों को विद्युत संपर्क से अलग किया. करंट से मुक्त होते ही दोनों बच्चे अचेत होकर जमीन पर गिर पड़े और सांसें तेज थीं.
ग्रामीणों की मदद से स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया
पुलिसकर्मियों ने बच्चों की हालत देखकर ग्रामीणों की मदद से उन्हें बिना देरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, बिसंडा पहुंचाने की व्यवस्था की. बताया गया कि दोनों को कंधे पर उठाकर अस्पताल तक ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने तत्काल उपचार शुरू किया. समय पर चिकित्सा मिलने से बच्चों की हालत में तेजी से सुधार हुआ और दोनों अब खतरे से बाहर बताए जा रहे हैं. इस घटना ने पुलिस टीम की संवेदनशीलता और त्वरित निर्णय क्षमता को सामने रखा, जिसकी गांव में व्यापक सराहना हो रही है.
ग्रामीणों ने पुलिस टीम का जताया आभार
डिप्टी एसपी कृष्णकांत त्रिपाठी ने बताया कि घटना 8 अगस्त को हुई, जब दोनों पुलिसकर्मी थाना दिवस से जुड़ी शिकायत की जांच के सिलसिले में गांव आए थे. उनके मुताबिक, पुलिस दल ने जोखिम के बावजूद संयम और सूझबूझ के साथ बच्चों को बचाया. बांदा के एसपी पलाश बंसल ने दोनों बच्चों के बेहतर इलाज के निर्देश दिए हैं. हादसे के बाद परिवार और ग्रामीणों ने पुलिस टीम का आभार जताया. उपचार के बाद बच्चों ने मुस्कराकर अपने रक्षकों से कहा, ‘थैंक्यू पुलिस अंकल.
इनपुट: नटवर कुमार
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