UP News: उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना में बहुत बड़ा गबन सामने आया है. इस पूरे घोटाले में करीब 60 करोड़ रुपये से अधिक की सरकारी राशि का अवैध रूप से गबन किया गया है. कृषि विभाग की तहरीर पर स्थानीय साइबर थाने में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है. इस कार्रवाई के बाद से पूरे प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है. मामले की गंभीरता को देखते हुए अब गहन जांच शुरू हो चुकी है.
कुंडा में सर्वाधिक अपात्र, 60% बाहरी
पुलिस प्रशासन को कृषि विभाग की तरफ से 3.18 लाख अपात्र लाभार्थियों की विस्तृत सूची सौंपी जा चुकी है. जांच में पाया गया कि फर्जीवाड़ा करके गलत तरीके से सम्मान निधि हासिल करने वालों में सबसे ज्यादा संख्या कुंडा तहसील के लोगों की है. इसके अलावा सूची में दर्ज कुल अपात्रों में से लगभग 60 प्रतिशत लोग बाहरी क्षेत्रों के निवासी पाए गए हैं. इन सभी फर्जी लाभार्थियों की पहचान करके उनसे सरकारी धन की पाई-पाई वापस वसूल करने की सख्त योजना तैयार की गई है.
आर्थिक अपराध अनुसंधान शाखा को जांच
इतने बड़े पैमाने पर हुए वित्तीय घोटाले को देखते हुए इस पूरे प्रकरण की जांच आर्थिक अपराध अनुसंधान शाखा (EOW) को सौंपी जा सकती है. शासन और प्रशासन स्तर पर इस पर कड़ी नजर रखी जा रही है. गलत तरीकों से सरकारी खजाने का पैसा हजम करने वाले सभी आरोपियों को अब किसान सम्मान निधि की पूरी राशि लौटानी पड़ेगी. पुलिस अब उन मुख्य साजिशकर्ताओं का पता लगाने में जुटी है, जिन्होंने फर्जी कागजात तैयार कराकर इस विशाल गबन के खेल को अंजाम दिया.
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