UP News: नोएडा पुलिस कमिश्नरेट में तैनात एक सिपाही पर गांजा तस्करों से कथित सांठगांठ का मामला सामने आने के बाद बड़ी कार्रवाई की गई है. सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक ऑडियो और उसके बाद हुई जांच में प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए जाने पर आरोपी सिपाही पुनीत को गिरफ्तार कर लिया गया. पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के निर्देश पर उसे तत्काल प्रभाव से पुलिस सेवा से भी बर्खास्त कर दिया गया.
महिला तस्कर नूरी-हेमा गैंग से जुड़े मिले तार
जांच के दौरान पुलिस को तकनीकी साक्ष्यों और अन्य इनपुट के आधार पर आरोपी सिपाही के महिला गांजा तस्कर हेमा से संपर्क के संकेत मिले. नूरी-हेमा गैंग का नाम पहले भी गांजा तस्करी के कई मामलों में सामने आ चुका है. पुलिस अब दोनों के बीच हुए संपर्क और पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है.
ऑडियो में गांजे की खेप और सप्लाई पर बातचीत
वायरल ऑडियो में कथित तौर पर गांजे की नई खेप, उसकी गुणवत्ता और सप्लाई को लेकर बातचीत होने की बात सामने आई है. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने तत्काल जांच के आदेश दिए. इसके बाद सेक्टर-20 थाने में मुकदमा दर्ज कर आरोपी सिपाही को गिरफ्तार कर लिया गया.
जांच पूरी होते ही नौकरी से भी बर्खास्त
विभागीय जांच पूरी होने के बाद आरोपी सिपाही पुनीत को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया. अपर पुलिस आयुक्त राजीव नारायण मिश्र ने बताया कि जांच में उसकी भूमिका संदिग्ध मिलने पर उसके खिलाफ कानूनी और विभागीय दोनों स्तर पर सख्त कार्रवाई की गई है. उन्होंने स्पष्ट कहा कि अपराधियों से किसी भी तरह की मिलीभगत को कमिश्नरेट में बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
नोएडा पुलिस अब नूरी-हेमा गैंग के पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है. अधिकारियों का कहना है कि यदि जांच में किसी अन्य पुलिसकर्मी या व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी. इस कार्रवाई के जरिए पुलिस ने स्पष्ट संदेश दिया है कि अपराधियों से गठजोड़ करने वालों के लिए विभाग में कोई जगह नहीं है.
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