अयोध्या : गांववालों को नयी मस्जिद के निर्माण से क्षेत्र में विकास की आस

फैजाबाद : Ram Janmabhoomi Babri Masjid case राम जन्मभूमि बाबरी मस्जिद मामले में उच्चतम न्यायालय के फैसले के अनुरूप मस्जिद के निर्माण के लिए जिस धन्नीपुर गांव में जमीन दी गयी है वहां पहले से 22 बड़ी और छोटी मस्जिदें हैं, लेकिन ग्रामीण नयी मस्जिद के निर्माण से क्षेत्र के विकास को लेकर आशान्वित हैं. […]

फैजाबाद : Ram Janmabhoomi Babri Masjid case राम जन्मभूमि बाबरी मस्जिद मामले में उच्चतम न्यायालय के फैसले के अनुरूप मस्जिद के निर्माण के लिए जिस धन्नीपुर गांव में जमीन दी गयी है वहां पहले से 22 बड़ी और छोटी मस्जिदें हैं, लेकिन ग्रामीण नयी मस्जिद के निर्माण से क्षेत्र के विकास को लेकर आशान्वित हैं.

गांववासियों के अनुसार इनमें से चार मस्जिदें जामा मस्जिद हैं जहां जुम्मे की नमाज पढ़ी जाती हैं, लेकिन, अब उन्हें नयी मस्जिद का निर्माण कार्य शुरू होने की इंतजार है साथ ही उम्मीद है कि इससे गांव के सुर्खियों में आने से उनके लिए बेहतर सुविधाएं सुनिश्चित होंगी तथा क्षेत्र के विकास में मदद मिलेगी.

नयी मस्जिद के लिए दी गयी जमीन शाहगडा बाबा के 18 वीं सदी के सूफी धर्मस्थल के बगल है. समझा जाता है कि शाहगडा बाबा प्रसिद्ध सूफी सैयद मकदूम अशरफ जहांगीर के शिष्य थे जिनका अंबेडकरनगर जिले के किचौचा में मकबरा है. इस धर्मस्थल पर पहुंचने वालों में ज्यादातर हिंदू होते हैं.

इस गांव में करीब आधे लोग मुसलमान हैं और मोहम्मद फहीम खान जैसे कई लोगों का कहना है कि प्रस्तावित मस्जिद का मुगल शासक बाबर से कोई संबंध नहीं होना चाहिए क्योंकि वह भारतीय मुसलमानों के प्रतिनिधि नहीं थे. खान ने कहा, भारतीय मुसलमानों के सच्चे प्रतिनिधि हजरत निजामुद्दीन, ख्वाजा अजमेरी जैसे सूफियों और उन उलेमाओं की विचारधारा है जिन्होंने स्वतंत्रता संग्राम में अपनी जान कुर्बान कर दी.

उन्होंने कहा कि मस्जिद के नजदीक एक मल्टी स्पेशिलटी सरकारी अस्पताल और एक कालेज भी बनाया जाना चाहिए. वैसे कुछ ग्रामीणों का कहना था कि इस मस्जिद का नाम अमन मस्जिद होना चाहिए. ग्राम प्रधान राकेश यादव ने कहा, यदि यहां मस्जिद बनायी जाती है तो हमारे गांव का दुनियाभर में नाम होगा.

हम गांव में विकास… चौड़ी सड़कें और अन्य मूलभूत सुविधाओं को लेकर आशान्वित हैं. उत्तर प्रदेश सरकार ने बुधवार को सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड को मस्जिद के निर्माण के लिए अयोध्या जिले में पांच एकड़ जमीन दी. उच्चतम न्यायालय ने रामजन्मभूमि बाबरी मस्जिद मामले में अपने फैसले में ऐसा निर्देश दिया था.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >