Keshav Maurya road statement: राम वन गमन सड़क के धंसने को लेकर उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के बयान पर सोशल मीडिया में तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं. सड़क धंसने के सवाल पर केशव प्रसाद मौर्य ने कहा, “सड़क बनेगी तो धंसेगी, धंसेगी तो बनेगी. ये तो एक नॉर्मल है.” उनके इस बयान को लेकर सोशल मीडिया यूजर्स सवाल उठा रहे हैं और सरकार से सड़क निर्माण की गुणवत्ता को लेकर जवाब मांग रहे हैं.
'इतनी बारिश होगी तो सड़क क्या, बड़े-बड़े पुल भी बह जाएंगे'
केशव प्रसाद मौर्य ने भारी बारिश का हवाला देते हुए कहा कि अगर बारिश बहुत ज्यादा होगी तो सड़क ही नहीं, बड़े-बड़े पुल भी प्रभावित हो सकते हैं. उन्होंने नेपाल में आई बाढ़ का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां इतनी बड़ी बाढ़ आई कि पुल के पुल बह गए. हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि अगर कहीं सड़क की गुणवत्ता खराब होगी तो उसकी जांच कराई जाएगी और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.
बयान पर सोशल मीडिया में तीखी प्रतिक्रियाएं
डिप्टी सीएम के बयान का वीडियो या उनका बयान सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है. कई यूजर्स उनके “सड़क बनेगी तो धंसेगी, धंसेगी तो बनेगी” वाले बयान पर तंज कस रहे हैं. कुछ सोशल मीडिया पोस्ट में आरोप लगाया जा रहा है कि सड़क बार-बार बनेगी तो निर्माण के नाम पर “कमीशन” भी बार-बार मिलेगा. वहीं, कुछ यूजर्स ने टैक्स के पैसे के इस्तेमाल को लेकर भी सवाल उठाए हैं और सरकार से सड़कों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने की मांग की है.
गुणवत्ता खराब हुई तो कार्रवाई का आश्वासन
केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि अगर किसी सड़क के निर्माण में गुणवत्ता से समझौता हुआ है तो उसकी जांच कराई जाएगी. जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई होगी. उन्होंने यह भी कहा कि जो सड़क धंसी है, उसे सुधार कराया जाएगा. ऐसे में अब सड़क की गुणवत्ता को लेकर होने वाली जांच और आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी.
