Extramarital Affair : पति मुंबई में बेचने गया वड़ा पाव, पत्नी पांच बच्चों को छोड़कर भाग गई प्रेमी के साथ

Extramarital Affair : यूपी के सिद्धार्थनगर के एक मामले की चर्चा लोगों के बीच हो रही है. यहां विवाहित जोड़ा अपने–अपने जीवनसाथी और बच्चों को छोड़कर भागा. इसकी जानकारी दोनों ने सोशल मीडिया पर दी.

Extramarital Affair : सिद्धार्थनगर जिले के सदर थाना क्षेत्र के महरिया गांव की एक खबर लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी है. शादी के बाद संबंध रखने वाले एक जोड़े ने अपने–अपने जीवनसाथी  को छोड़ दिया. यही नहीं कुल नौ बच्चों को छोड़कर दोनों ने भागकर शादी कर ली. दोनों परिवारों को ‘फेसबुक’ पोस्ट के जरिए इस शादी के बारे में पता चला. गांव वालों के मुताबिक इन दोनों विवाहित जोड़ों ने अपने परिवार और बच्चों को छोड़कर भागकर शादी कर ली. गांव की रहने वाली गीता एक सप्ताह पहले इसी गांव के गोपाल नाम के व्यक्ति के साथ भाग गई थी.

कैसे हुई शादी की जानकारी गांव वालों को?

गांव के लोगों को इस बात की जानकारी तब हुई जब पांच अप्रैल को गांव वालों ने गोपाल के ‘फेसबुक’ अकाउंट पर गीता और गोपाल की शादी की कुछ तस्वीरें देखीं. इन तस्वीरों को गोपाल ने शेयर किया था. गांव वालों ने तुरंत गीता के पति श्रीचंद और गोपाल की पत्नी को इस बात की जानकारी दी. अब तक गीता के ससुराल वाले यही समझ रहे थे कि वह नाराज होकर अपने मायके गई हुई है, जबकि गोपाल के परिवार वाले समझ रहे थे कि वह किसी काम से बाहर गया हुआ है.

गोपाल और गीता के परिवार में कोहराम मचा

‘फेसबुक’ पर जारी तस्वीरें देखने के बाद गोपाल और गीता के परिवार में कोहराम मच गया. घर से भागी गीता के पांच बच्चे हैं, जिसमें चार बेटियां और एक बेटा शामिल है. गीता की सबसे बड़ी बेटी 19 साल की है जबकि सबसे छोटी बेटी पांच साल की है. गीता के पति श्री चंद का कहना है कि वह मुंबई में वड़ा पाव बेचता है. पिछले कुछ दिनों से वह घर पर ही मेहनत मजदूरी कर अपने परिवार का भरण पोषण कर रहा था. उसने बताया कि उसकी पत्नी गोपाल के घर काफी आती-जाती थी. इस बीच दोनों के बीच संबंध कब और कैसे बने और वे क्यों भाग गए, इसकी उसे कोई जानकारी नहीं है.

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90 हजार रुपये और जेवर लेकर भागी पत्नी

श्री चंद ने बताया कि उसकी पत्नी घर से बड़ी मुश्किल से बचाए 90 हजार रुपये और घर के सारे जेवर लेकर भाग गई. ‘फेसबुक’ पर तस्वीर वायरल होने के बाद उसे घटना की जानकारी हुई और तब से वह थाने के चक्कर लगा रहा है लेकिन पुलिस उसकी मदद नहीं कर रही है. उन्होंने कहा कि पुलिस को इस मामले में कुछ कार्रवाई करनी चाहिए ताकि उन्हें और उनके परिवार को न्याय मिल सके.

गोपाल की पत्नी ने क्या कहा?

दूसरी ओर, गोपाल की पत्नी का कहना है कि गोपाल परिवार के खर्च के लिए कुछ नहीं देता था, बल्कि वह उन्हें हर दिन मारता-पीटता था. उसकी पत्नी ने कहा कि अब वह उसके लिए मर चुका है. वह जहां है वहीं रहे. उसके बच्चों को भरण-पोषण के लिए हिस्सा मिले और गोपाल को बच्चों का खर्च भी उठाना चाहिए. सिद्धार्थ नगर के थाना प्रभारी अनुज सिंह ने कहा कि उन्हें घटना की जानकारी है लेकिन अब तक कोई शिकायत नहीं मिली है. उन्होंने कहा, ‘‘अगर मामले में कोई शिकायत मिलती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.’’

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लेखक के बारे में

Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

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