UP News: स्कूल की राह अब सिर्फ मंजिल तक पहुंचने की नहीं, सुरक्षित लौटने की भी होगी.बलरामपुर में बेटियों की सुरक्षा को लेकर परिवहन विभाग ने नियम कड़े कर दिए हैं.छात्राओं को ले जाने वाली स्कूली बसों में अब महिला परिचालक के साथ एक शिक्षक की मौजूदगी अनिवार्य होगी.
स्कूल बसों में सुरक्षा का नया इंतजाम
उच्च न्यायालय की लखनऊ खंडपीठ के निर्देश के बाद जिले में स्कूली वाहनों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सख्ती शुरू हुई है.बालिका विद्यार्थियों को ले जाने वाले वाहनों में चालक के अलावा महिला परिचालक और एक शिक्षक की मौजूदगी जरूरी होगी. सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन) बृजेश यादव ने बताया कि सभी विद्यालयों को परिवहन सुरक्षा समिति गठित करने का निर्देश दिया गया है.जिन स्कूलों के नाम पर वाहन पंजीकृत हैं, वहां समिति का गठन अनिवार्य रहेगा.
चार बार होगी सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा
परिवहन सुरक्षा समिति में विद्यालय प्राधिकारी अध्यक्ष होंगे.समिति में जिलाधिकारी द्वारा नामित अधिकारी, अभिभावक प्रतिनिधि, थाना प्रभारी, बीएसए और जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा नामित अधिकारी शामिल होंगे.बैठक में कम से कम पांच सदस्यों की मौजूदगी जरूरी होगी. समिति साल में चार बार स्कूली वाहनों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करेगी.इसके अलावा हर चालक का पुलिस सत्यापन अनिवार्य होगा.स्कूल प्रबंधन को बस में चालक के साथ महिला परिचालक और शिक्षक की मौजूदगी सुनिश्चित करनी होगी.
