Up News बलिया जिले के बांसडीह क्षेत्र स्थित छितौनी गांव निवासी अवधेश कुमार यादव, जो वर्तमान में झूंसी में रहते हैं, के साथ सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर 10 लाख रुपये की बड़ी धोखाधड़ी का मामला सामने आया है. पीड़ित के अनुसार, अप्रैल 2025 में उनकी मुलाकात धूमनगंज के मीरापट्टी ट्रांसपोर्ट नगर निवासी ईश्वरी प्रसाद से हुई थी. ईश्वरी प्रसाद ने खुद को प्रभावशील बताते हुए कई अन्य लोगों के नियुक्ति पत्र दिखाकर उन्हें अपने झांसे में ले लिया.
बैंक खातों में रुपये का ऑनलाइन ट्रांसफर
इसके बाद ईश्वरी प्रसाद ने अवधेश कुमार को एक नियुक्ति पत्र दिखाकर दावा किया कि उनकी सरकारी नौकरी लग गई है. इस पर पूरा भरोसा करते हुए पीड़ित ने आरोपी के सुलेमसराय स्थित भारतीय स्टेट बैंक खाते में 5 लाख 90 हजार रुपये जमा कराए. इसके अलावा, बाकी बचे 4 लाख 10 हजार रुपये ऑनलाइन माध्यम से आरोपी की सहयोगी वंदना रानी यादव के बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिए. इस तरह अवधेश से कुल 10 लाख रुपये ऐंठ लिए गए.
जान से मारने की धमकी और पुलिस कार्रवाई
जब अवधेश कुमार ने अपना मूल नियुक्ति पत्र मांगा, तो आरोपी टालमटोल करने लगा. संदेह होने पर जब पीड़ित ने अपने रुपये वापस मांगे, तो ईश्वरी प्रसाद ने गाली-गलौज करते हुए उन्हें जान से मारने की धमकी दी. तब जाकर पीड़ित को अहसास हुआ कि दिखाया गया नियुक्ति पत्र पूरी तरह फर्जी और कूटरचित था. ठगी का अहसास होने पर पीड़ित अवधेश ने धूमनगंज थाने में तहरीर दी, जिसके आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
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