Rourkela News: 23 करोड़ की लागत से कोयलनगर में बन रहा पार्क अनिश्चितता में फंसा, भ्रष्टाचार के लग रहे आरोप

Rourkela News: कोयलनगर में 23 करोड़ की लागत से बन रहे पार्क की समय सीमा पार हो चुकी है. उद्घाटन से पहले ही पार्क जीर्ण-शीर्ण हो रहा है.

Rourkela News: शहर की एक महत्वाकांक्षी पार्क परियोजना अपने पूरे होने की बाट जोह रही है. इसका निर्माण पूरा होने की समयसीमा लगातार चूक रही है और उद्घाटन से पहले ही इसकी स्थिति जीर्ण-शीर्ण हो रही है. स्मार्ट सिटी मिशन के तहत कोयलनगर में 23.59 करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन इस पार्क पर अब भ्रष्टाचार और खराब क्रियान्वयन के आरोप भी लगने लगे हैं.

करोड़ों रुपये हुए खर्च, जनता को नहीं मिला लाभ

स्थानीय निवासियों का आरोप है कि करोड़ों रुपये इस परियोजना पर खर्च हो चुके हैं, लेकिन अभी तक जनता को इसका कोई लाभ नहीं मिला है. जहां बिरसा मुंडा अंतरराष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम मात्र 15 महीनों में बनकर तैयार हुआ था, वहीं एक पार्क का काम पूरा करने को लेकर कोई निश्चित समय तय नहीं हो पा रहा है. इस पार्क में एक मैरिज हॉल, पिकनिक स्थल, स्विमिंग पूल और बच्चों के लिए मनोरंजन जैसी व्यापक सुविधाएं शामिल हैं. पार्क का काफी हिस्सा पूरा हो चुका है, लेकिन जनता के लिए इसे खोले जाने से पहले ही इसकी स्थिति जीर्ण-शीर्ण हो चुकी है. यहां रहनेवाले गदाधर साहू बताते हैं कि सरकार ने करोड़ों रुपये खर्च करके इस पार्क का निर्माण कराया, लेकिन इसे कभी जनता के लिए खोला नहीं गया. रखरखाव के अभाव में यह अब जर्जर अवस्था में है. प्रशासन ने हमें आश्वासन दिया है कि यह इस साल के अंत तक बनकर तैयार हो जायेगा.

40 एकड़ में 2020 में शुरू हुई थी परियोजना, 2024 तक पूरा होना था

40 एकड़ में फैले इस पार्क का निर्माण 2020 में शुरू हुआ था और दिसंबर 2024 तक पूरा करने की समयसीमा तय हुई थी. समयसीमा समाप्त होने के बावजूद परियोजना अधूरी है. बेतरतीब घास, अधूरे रास्ते, तालाबों में जमा पानी और उपेक्षित संरचनाएं एक नयी विकास परियोजना के बजाय एक पुराने सुनसान पड़े पार्क का आभास कराती हैं.

बड़े पैमाने पर हुआ है भ्रष्टाचार, उच्च स्तरीय जांच की आवश्यकता

राउरकेला विधायक दुर्गा चरण तांती कहते हैं कि मैंने जो देखा, उसके अनुसार मैंने नगर निगम से समस्याओं को ठीक करने का अनुरोध किया था, लेकिन परिणाम असंतोषजनक रहे. मुझे लग रहा है कि पार्क के निर्माण में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हुआ है. सच्चाई उजागर करने के लिए एक उच्च-स्तरीय जांच की आवश्यकता है. वहीं एडीएम सह निगम आयुक्त धीना दस्तगीर कहती है कि पार्क के अंदर मरम्मत का काम चल रहा है. हमने पहले ही समस्याओं का समाधान करने की योजना बनायी थी, लेकिन मॉनसून के कारण देरी हो गयी. पार्क जल्द ही जनता के लिए तैयार हो जायेगा.

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Published by: Bipin kumar yadav

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