Rourkela News : स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल) ने राउरकेला एयरपोर्ट की 140 एकड़ जमीन एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एएआइ) को ट्रांसफर करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है. इस फैसले से एयरपोर्ट के आधुनिकीकरण और विस्तार में तेजी आने की उम्मीद है. जिससे हवाई संपर्क बेहतर होगी और बड़े विमानों का संचालन भी संभव हो सकेगा.
औद्योगिक विकास, पर्यटन, व्यापार और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
इस विस्तार से निवेश, औद्योगिक विकास, पर्यटन, स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच, व्यापार और रोजगार के मौकों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है. साथ ही, इससे पूर्वी भारत में एक प्रमुख आर्थिक और औद्योगिक केंद्र के तौर पर राउरकेला की स्थिति और मजबूत होगी. इस कदम को राउरकेला एयरपोर्ट के लंबे समय से प्रतीक्षित विकास की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है. उम्मीद है कि इससे राउरकेला और आस-पास के इलाके की सामाजिक-आर्थिक प्रगति में भी काफी योगदान मिलेगा.
केंद्रीय मंत्री ने दी सभी को बधाई
इस ताजा प्रगति पर केंद्रीय मंत्री जुएल ओराम ने ट्वीट कर सेल के चेयरमैन और बोर्ड के सभी सदस्यों का आभार जताया. साथ ही खुशी जाहिर की कि एयरपोर्ट को विकसित करने के लिए जरूरी अतिरिक्त जमीन भी मुहैया करायी जायेगी, ताकि एयरपोर्ट को 4सी श्रेणी के तहत विकसित किया जा सके. उन्होंने कहा है कि इस ऐतिहासिक फैसले से जिले में निवेश, उद्योग, पर्यटन, स्वास्थ्य और रोजगार के क्षेत्र में क्रांतिकारी विकास होंगे.
एयपोर्ट के विकास के लिए हुआ लंबा संघर्ष
राउरकेला एयरपोर्ट के विकास के लिए लंबा संघर्ष हुआ है. धरना प्रदर्शन से लेकर आंदोलन तक किये गये. एयरपोर्ट की शुरुआत होने के बाद से ही यहां पर बुनियादी सुविधाओं के अभाव में अक्सर विमान सेवा प्रभावित रही थी. मौजूदा स्थिति की बात करें, तो राउरकेला-भुवनेश्वर के बीच महज नौ सीटर विमान का परिचालन हो रहा है, जिससे शहरवासियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है. इससे पहले राउरकेला से 72 सीटर विमान भुवनेश्वर और कोलकाता के लिए संचालित होता था, जिसे बाद में बंद कर दिया गया था.
