Rourkela News: भविष्य के लिए उपयुक्त मानव संसाधन प्रणाली विकसित करने पर साझा किये विचार

Rourkela News: आरएसपी में मानव संसाधन परिवर्तन कार्यशाला सेल दर्पण का समापन हो गया है. इसमें प्रतिभागियों द्वारा संरचित प्रस्तुतियां दी गयीं.

Rourkela News: राउरकेला इस्पात संयंत्र (आरएसपी) के ज्ञानार्जन एवं विकास विभाग में आयोजित मानव संसाधन परिवर्तन कार्यशाला सेल दर्पण गहन अंतिम सत्र के साथ संपन्न हुई. समापन दिवस पर प्रतिभागियों द्वारा संरचित प्रस्तुतियां दी गयीं, जिन्हें आरएसपी टास्क फोर्स का प्रतिनिधित्व करने वाली दो-दो टीमों में बांटा गया था. टीमों ने अपने निष्कर्ष, सिफारिशें और कार्यान्वयन योग्य रणनीतियां एक पैनल के समक्ष प्रस्तुत कीं, जिसमें कार्यपालक निदेशक (मानव संसाधन) तरुण मिश्र, कार्यपालक निदेशक (संकार्य) विश्वरंजन पलाई और कार्यपालक निदेशक (खान) एमपी सिंह शामिल थे.

प्रस्तुतियों की बारीकी से समीक्षा और विश्लेषण किया गया

प्रस्तुतियों में कई विषयों को शामिल किया गया, जैसे जनशक्ति अनुकूलन, नीति सुधार, नौकरी रोटेशन ढांचा, पारदर्शिता बढ़ाना और मानव संसाधन प्रथाओं को सेल के ध्येय (विजन) 2030 के साथ संरेखित करना. प्रत्येक टीम ने विश्लेषण और बेंचमार्किंग द्वारा समर्थित व्यावहारिक, जमीनी स्तर पर अंतर्दृष्टि प्रदान की. बोस्टन कंसल्टिंग ग्रुप (बीसीजी) के विशेषज्ञों के नेतृत्व में सेल दर्पण टास्कफोर्स द्वारा इनपुट और प्रस्तुतियों की बारीकी से समीक्षा और विश्लेषण किया गया, जिन्होंने प्रस्तावों की व्यवहार्यता, प्रभाव और रणनीतिक मानव संसाधन लक्ष्यों के साथ संरेखण पर प्रतिक्रिया प्रदान की. जैसा कि सत्रों के दौरान विशेष रूप से उल्लेख किया गया था, इन तीन दिनों में उत्पन्न विचार आरएसपी के नीतियों में सुधार, कर्मचारियों की उत्पादकता में वृद्धि और भविष्य के लिए उपयुक्त मानव संसाधन प्रणाली विकसित करने में उत्प्रेरक की भूमिका निभायेगी. सेल दर्पण पहल ने न केवल गंभीर आत्ममंथन के लिए एक मंच प्रदान किया है, बल्कि आरएसपी में विकास के अगले चरण और तकनीकी प्रगति का समर्थन करने के लिए कार्रवाई योग्य सुधारों की नींव भी रखी है. कार्यशाला का आयोजन महाप्रबंधक (मानव संसाधन-ओडी, टीएएवंजी) एस बड़पंडा और उप प्रबंधक (मानव संसाधन-ओडी) सिंपी पटेल के मार्गदर्शन में किया गया.

आरएसपी : सामग्री पुनर्प्राप्ति विभाग ने नया रिकॉर्ड बनाया

राउरकेला इस्पात संयंत्र (आरएसपी) के सामग्री पुनर्प्राप्ति विभाग (एमआरडी) ने 4683 टन वजन वाले 173 ट्रिप के साथ अब तक का सर्वाधिक बीओएफ स्लैग निबटान करके एक दिन में स्लैग निबटान का एक नया रिकॉर्ड बनाया. यह सफलता 23 और 24 जुलाई, 2025 को क्रमश: 152 ट्रिप और 164 ट्रिप के स्लैग निबटान के दो लगातार रिकॉर्ड के बाद आयी है, जो विभाग की बढ़ती दक्षता और निरंतरता को दर्शाता है. यह उपलब्धि टीम एमआरडी के सामूहिक समर्पण, निर्बाध समन्वय और अथक प्रयासों से संभव हुई, जिसमें सामग्री प्रबंधन विभाग, केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल और अन्य संबद्ध इकाइयों के विपणन इकाई के साथ घनिष्ठ सहयोग शामिल है. शीर्ष प्रबंधन द्वारा प्रदान किये गये निरंतर प्रोत्साहन और रणनीतिक दिशा-निर्देश ने इस सफलता को संभव बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभायी. उल्लेखनीय है कि, एमआरडी, बीओएफ स्लैग जैसे उप-उत्पादों का कुशलतापूर्वक प्रबंधन करके आरएसपी के स्थायित्व अभियान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है. प्रभावी निबटान प्रक्रिया न केवल पर्यावरणीय भार को कम करती है, बल्कि कंपनी के लिए मूल्यवान राजस्व भी उत्पन्न करती है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Bipin kumar yadav

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >