भुवनेश्वर : ओडिशा विजिलेंस ने सोमवार को भुवनेश्वर स्थित कैपिटल अस्पताल के सहायक सर्जन डॉ सत्यजीत बेहेरा को कथित तौर पर 30 हजार रुपये की रिश्वत मांगने और स्वीकार करने के आरोप में गिरफ्तार किया है. विजिलेंस विभाग के मुताबिक, कैपिटल अस्पताल ने अज्ञात और बेसहारा मरीजों की सहायता के लिए एक एनजीओ को कार्य सौंपा है. एनजीओ द्वारा नियुक्त कर्मचारियों के जून और जुलाई 2026 के वेतन बिल जारी करने के लिए अस्पताल से संबंधित वर्क सर्टिफिकेट पर हस्ताक्षर आवश्यक थे. बताया गया है कि एनजीओ का प्रतिनिधि जून से डॉ बेहेरा से कर्मचारियों के वर्क सर्टिफिकेट पर हस्ताक्षर करने का अनुरोध कर रहा था. आरोप है कि डॉक्टर ने प्रमाणपत्र पर हस्ताक्षर करने और वेतन बिल जारी कराने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिनिधि से 30 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की थी.
शिकायतकर्ता से 30 हजार रुपये रिश्वत लेते समय रंगेहाथ पकड़ा
कथित रिश्वत की मांग और परेशानी से परेशान एनजीओ प्रतिनिधि ने इसकी शिकायत ओडिशा विजिलेंस से की. शिकायत के आधार पर विजिलेंस टीम ने सोमवार को जाल बिछाया और डॉ बेहेरा को कथित तौर पर शिकायतकर्ता से 30 हजार रुपये लेते हुए पकड़ लिया. विजिलेंस ने बताया कि आरोपी डॉक्टर के कब्जे से रिश्वत की पूरी राशि बरामद कर जब्त कर ली गयी है.
डॉ बेहेरा से जुड़े तीन ठिकानों पर छापेमारी जारी
विजिलेंस की इस कार्रवाई के बाद विभागीय टीम ने डॉ बेहेरा से जुड़े तीन ठिकानों पर एक साथ तलाशी अभियान शुरू किया है. यह तलाशी कथित आय से अधिक संपत्ति (डीए) के कोण से की जा रही है. मामले में भुवनेश्वर विजिलेंस थाना केस संख्या 19, दिनांक 16 अगस्त 2026 दर्ज किया गया है. आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम, 2018 की धारा 7 के तहत मामला दर्ज किया गया है. ओडिशा विजिलेंस ने मामले की जांच शुरू कर दी है. तलाशी और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जायेगी.
