नोवामुंडी से सुबोध की रिपोर्ट
Noamundi News: झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले में मंगलवार की देर शाम, नोवामुंडी थाना क्षेत्र में लगभग पांच साल और नौ साल के दो नाबालिग बच्चों को नोवामुंडी रेलवे स्टेशन के पास असहाय स्थिति में पाया गया. सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए बच्चों को सुरक्षित संरक्षण में लिया. पुलिस अधिकारियों की सतर्कता और संवेदनशीलता के कारण, बच्चों का कल से आज तक पूरा ध्यान रखा गया. उन्हें पर्याप्त भोजन, पानी और नाश्ता दिया गया और उनकी सुरक्षा एवं आराम का पूरा ख्याल रखा गया.
बच्चे पहुंचाए गए CWC
आज सब-इंस्पेक्टर पूर्णिमा की अगुवाई में पुलिस गाड़ी से दोनों बच्चों को चाईबासा स्थित बाल कल्याण समिति (CWC) के पास सुरक्षित रूप से पहुंचाया गया. वहां बच्चों को आगे की देखभाल और जरूरी प्रक्रिया के लिए सौंपा गया.
परिवार की पहचान अभी नहीं
बच्चों में से एक ने बताया कि वे चाईबासा के मंगला हाट बस स्टैंड के आसपास रहते हैं. फिलहाल उनके परिवार के संबंध में ठोस जानकारी नहीं मिल पाई है.
DALSA भी रही सक्रिय
इस दौरान, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DALSA) चाईबासा के पारा-लीगल वालंटियर उमर सादिक भी मौके पर मौजूद रहे. उन्होंने हाईकोर्ट द्वारा संचालित बाल सुरक्षा परियोजना के तहत बच्चों से जरूरी जानकारी संकलित की, जिससे उन्हें उनके परिवार तक पहुंचाने में मदद मिल सके और आवश्यकता पड़ने पर पुनर्वास की व्यवस्था की जा सके.
प्रशासन की अपील
प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि अगर किसी को बच्चों के परिवार या निवास के बारे में कोई जानकारी हो, तो तुरंत CWC चाईबासा या DALSA से संपर्क करें, जिससे कि बच्चों को उनके परिजनों से मिलाया जा सके.
यह भी पढ़ें: सरायकेला में मनरेगा कर्मियों का हड़ताल जारी, 9-10 अप्रैल को ग्रामीण विकास मंत्री आवास घेराव का ऐलान
यह भी पढ़ें: झारखंड में 2034 पदों पर हाईस्कूल शिक्षकों की नियुक्ति नहीं, 6 महीने पहले हाईकोर्ट ने दिया था आदेश
