तितलीघाट से बहदा तक बने पीसीसी सड़क

किरीबुरू : सारंडा के बहदा गांव से कुमडीह जंक्शन तक बनायी जा रही पीसीसी सड़क से इस क्षेत्र के ग्रामीणों को तब तक लाभ नहीं मिलेगा, जब तक की इस सड़क का निर्माण तितलीघाट मोड़ से बहदा गांव तक नहीं किया जाता है. सड़क निर्माण से पूर्व बहदा, तितलीघाट आदि गांव के ग्रामीणों ने ग्राम […]

किरीबुरू : सारंडा के बहदा गांव से कुमडीह जंक्शन तक बनायी जा रही पीसीसी सड़क से इस क्षेत्र के ग्रामीणों को तब तक लाभ नहीं मिलेगा, जब तक की इस सड़क का निर्माण तितलीघाट मोड़ से बहदा गांव तक नहीं किया जाता है. सड़क निर्माण से पूर्व बहदा, तितलीघाट आदि गांव के ग्रामीणों ने ग्राम सभा में किरीबुरू-मनोहरपुर मुख्य सड़क मार्ग से तितलीघाट होते बहदा, कुमडीह आदि गांव जाने वाली सड़क का निर्माण की स्वीकृति दी थी. निर्माण कार्य तितलीघाट मोड़ से बहदा की तरफ पहले प्रारंभ करने की बात कही गयी थी,

लेकिन सड़क निर्माण कंपनी ने ऐसा नहीं कर बहदा गांव के बाहर स्कूल के बगल से कुमडीह की तरफ सड़क का निर्माण कर रही है. जिससे ग्रामीणों को कोई लाभ होता नहीं दिखाई दे रहा है. गांव के वार्ड सदस्य कामेश्वर माझी, मंगल माझी, दुला चांपिया आदि ने बताया की बहदा से तितलीघाट मोड़ की दूरी लगभग छह किलोमीटर है. यह कच्ची सड़क है जो हल्की बारिश में दलदल बन जाता है. जिससे ग्रामीणों एवं मरीजों का गांव से अन्यत्र आना-जाना पूर्ण रूप से ठप हो जाता है.

इस सड़क के नहीं बनने से कुमडीह क्षेत्र के ग्रामीण भी आना-जाना नहीं कर पायेंगे. क्योंकि यह छह किलोमीटर की सड़क उन्हें जाने में बाधा डालेगी. दोनों गांव के ग्रामीणों ने प्रशासन अथवा सरकार से मांग की है की पहले मुख्य सड़क तरफ से सड़क बनाते हुये सारंडा के अंदर गांवों की तरफ बढे़, ताकि ताकी पास के गांवों को लाभ मिलता जाये अन्यथा किसी भी गांव के ग्रामीण को इस सड़क से लाभ नहीं मिलेगा एवं वर्षांत या वर्षा होने पर सभी गांव टापू बनकर रह जायेंगे.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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