चांडिल. चांडिल प्रखंड के चौका थाना अंतर्गत सुदूरवर्ती रैयाड़दा गांव में शनिवार को मिट्टी की जर्जर दीवार गिरने से मलबे में दबकर 77 वर्षीय राजियामा देवी की मौत हो गयी. वृद्धा मिट्टी के जर्जर घर में अकेली रहती थी. इस दुर्घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसर गया है. बताया जाता है कि जर्जर दीवार बारिश के कारण और कमजोर हो गयी थी. जानकारी के अनुसार, शनिवार को वृद्धा का बेटा सनीका सरदार अपनी मां को खाना खिलाने के बाद बाजार गया था.
बाजार से लौटने पर उसने देखा कि घर की मिट्टी की दीवार भरभरा कर गिर गयी है. उसकी मां मलबे के नीचे दबी हुई है. उसने आसपास के लोगों को सूचना दी. सबी की मदद से मलबा को हटाया गया. हालांकि तब तक महिला की मौत हो चुकी थी. काफी प्रयास के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका, जिसके बाद चौका पुलिस को तुरंत सूचना दी गयी.
सूचना मिलने पर रविवार की सुबह चौका पुलिस रैयाड़दा गांव पहुंची. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सरायकेला सदर अस्पताल भेज दिया. पंचायत के मुखिया सुकलाल मांझी ने पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की. आपदा प्रबंधन विभाग से मृतका के परिजनों को सरकारी प्रावधान के तहत उचित मुआवजा दिये जाने की मांग की है.
