राजमहल जेल में हत्या के मामले में बंद बंदी की मौत, खाना खाने के बाद सोया था; फिर नहीं उठा

राजमहल उपकारा में हत्या के आरोप में बंद सुनील बास्की की तबियत अचानक बिगड़ने के बाद मौत हो गई. उसे मिर्गी का दौरा पड़ने के बाद अस्पताल ले जाया गया था. पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है.

प्रतिनिधि, राजमहल : राजमहल उपकारा में सोमवार को हत्या के मामले में बंद एक विचाराधीन बंदी की अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद मौत हो गयी. मृतक की पहचान सुनील बासकी (35 वर्ष), पिता स्व. नटवा बासकी, निवासी शाल्टीपोखर, मोहनपुर पंचायत, थाना राधानगर के रूप में हुई है. वह राधानगर थाना कांड संख्या 265/25 के तहत हत्या के मामले में उपकारा में बंद था.

राजमहल उपकारा गेट, पोस्टमार्टम हाउस में कैदी का शव | Prabhat Khabar Network

चाचा की हत्या का था आरोप

जानकारी के अनुसार, सुनील बास्की पर अपने चाचा सुलेमान बासकी (60 वर्ष) की पीट-पीटकर हत्या करने का आरोप था. वह 14 जुलाई 2025 से राजमहल उपकारा में बंद था.

मिर्गी का दौरा पड़ने से बिगड़ी हालत

बताया जाता है कि सुनील को पहले से मिर्गी की बीमारी थी. सोमवार को खाना खाने के बाद वह उपकारा में सो रहा था. इसी दौरान अचानक उसे मिर्गी का दौरा पड़ा और वह बेहोश हो गया. उसकी हालत बिगड़ती देख जेल कर्मियों ने तत्काल उसे राजमहल अनुमंडल अस्पताल पहुंचाया.

चिकित्सक ने किया मृत घोषित

अस्पताल में चिकित्सक डॉ. सादिक अंसारी ने उसकी जांच की. जांच के बाद चिकित्सक ने सुनील बासकी को मृत घोषित कर दिया. घटना की सूचना मिलते ही संबंधित पुलिस पदाधिकारी अस्पताल पहुंचे और मामले की जानकारी ली.

पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार

पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है. बंदी की मौत के वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा.

इलाज चलने की दी जानकारी

उपकाराधीक्षक विमल सोरेन ने बताया कि सुनील बासकी पहले से मिर्गी रोग से ग्रसित था और उसका इलाज किया जा रहा था. वह खाना खाने के बाद सोने गया था. काफी देर तक नहीं उठने पर उसे राजमहल अनुमंडल अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया.

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By दीप सिंह

दीप सिंह , 25 मार्च 2010 से प्रभात खबर से जुड़े हैं। रिपोर्टर के रूप में प्रभात खबर में कार्य शुरू किए। 2015 में राजमहल कार्यालय का मॉडेम प्रभारी बनाया गया। कई महत्वपूर्ण एक्सक्लूसिव, पड़ताल और जन समस्या की खबर पर बेहतर कार्य करने का मौका मिला। बीच के अंतराल में वर्ष 2018 से 5 अगस्त 2023 तक दैनिक हिंदुस्तान अखबार में राजमहल से कार्य किए। पुनः 12 अगस्त 2023 से अबतक वर्तमान में राजमहल मॉडेम कार्यालय के प्रभारी के रूप में कार्य कर रहा हूं। प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक दोनों ही प्लेटफार्म पर बेहतर कार्य करने का अवसर प्राप्त हो रहा है।

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