साहिबगंज. झारखंड सरकार के उद्योग विभाग एवं झारखंड औद्योगिक अवसंरचना विकास निगम द्वारा विश्व बैंक समर्थित एमएसएमई के प्रदर्शन को बढ़ाना और तेज करना कार्यक्रम के अंतर्गत सोमवार को साहिबगंज जिले में उद्यमिता पंजीकरण सह जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया. इस शिविर का उद्देश्य जिले के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को औपचारिक रूप देना, पंजीकरण की प्रक्रिया को सरल बनाना एवं उन्हें केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं की जानकारी देकर सशक्त बनाना था. शिविर के दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय उद्यमियों ने भाग लिया और मौके पर ही अपना उद्यम पंजीकरण करवाया. इस पहल से जिले में औपचारिक एमएसएमई इकाइयों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गयी है, जिससे न केवल उद्यमियों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिलेगा, बल्कि रोजगार सृजन की दिशा में भी यह कदम महत्वपूर्ण साबित होगा. वरिष्ठ अधिकारियों की रही गरिमामयी उपस्थिति इस अवसर पर जिला उद्योग केंद्र, साहिबगंज के ईओडीबी मैनेजर चंद्रशेखर शर्मा ने कार्यक्रम का संचालन किया. कार्यक्रम में डीआईसी के महाप्रबंधक रमाकांत चतुर्वेदी, ईस्टर्न चैंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष एवं प्रधान लिपिक आलोक रंजन सिंह तथा मुख्यमंत्री लघु एवं कुटीर उद्योग विकास बोर्ड के जिला उद्यमी समन्वयक की भी गरिमामयी उपस्थिति रही. इन अधिकारियों ने उपस्थित उद्यमियों को एमएसएमई से संबंधित विभिन्न योजनाओं, ऋण सुविधाओं, तकनीकी सहायता एवं विपणन सहयोग जैसे विषयों पर विस्तार से जानकारी दी. झारखंड सरकार द्वारा चलाई जा रही यह पहल आत्मनिर्भर भारत एवं मेक इन इंडिया जैसे अभियानों को धरातल पर साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है. एमएसएमई क्षेत्र को संगठित कर औपचारिक अर्थव्यवस्था से जोड़ने की यह पहल न केवल स्थानीय उद्योगों को सशक्त बनाएगी, बल्कि युवाओं को रोजगार के अवसर भी प्रदान करेगी.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
