राजमहल नगर : आजादी के छह दशक बाद भी अनुमंडल मुख्यालय से महज चार किलोमीटर दूर अवस्थित लखीपुर पंचायत का पठानटोली गांव के लोगों को बिजली नसीब नहीं हुई. आज भी यहां के ग्रामीण ढिबरी युग में जीने को विवश हैं. हालांकि इतने वर्षों में हुये लोकसभा, विधानसभा व पंचायत चुनाव में नेता व प्रत्याशियों […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
राजमहल नगर : आजादी के छह दशक बाद भी अनुमंडल मुख्यालय से महज चार किलोमीटर दूर अवस्थित लखीपुर पंचायत का पठानटोली गांव के लोगों को बिजली नसीब नहीं हुई. आज भी यहां के ग्रामीण ढिबरी युग में जीने को विवश हैं. हालांकि इतने वर्षों में हुये लोकसभा,
विधानसभा व पंचायत चुनाव में नेता व प्रत्याशियों ने ग्रामीणों को सिर्फ आश्वासन का घूंट ही पिलाकर रखा है. आठ माह पूर्व बीते पंचायत चुनाव में तो एक प्रत्याशी ने विभाग के मिली भगत से ट्रांसफार्मर नाम का लॉलीपॉप ग्रामीणों को थमा दिया. जबकी विभाग द्वारा विद्युत आपूर्ति के लिए गांव में बिजली की पोल व तार भी उपलब्ध नहीं कराया गया है. ऐसे में ट्रांसफाॅर्मर महज एक शोभा की वस्तु बन कर रह गयी है. गांव में लगभग 80 घर की आबादी आज भी बगैर बिजली के जीवन-यापन कर रहे हैं.
कहते हैं प्रभारी मुखिया
आठ माह पूर्व गांव में ट्रांसफाॅर्मर विभाग द्वारा मुहैया कराया गया. बिजली विभाग की लापरवाही के कारण आजतक कनेक्शन नहीं हो सका है और बगैर कनेक्शन के ही ग्रामीणों को बिजली बिल भेजा जा रहा है. मामले को लेकर विभाग के अधिकारियों से वार्ता की जायेगी. साकारात्मक पहल नहीं होने पर ग्रामीणों के सहयोग से आंदोलन किया जायेगा.
प्रोमीत कुमार साहा, प्रभारी मुखिया, लखीपुर पंचायत
कहते हैं सहायक अभियंता
मामले की जानकारी उन्हें नहीं है. कनीय अभियंता से जानकारी लेकर जल्द ही ग्रामीणों की समस्या को निष्पादित किया जायेगा.
ब्रजेश कुमार बिरुआ, सहायक अभियंता, राजमहल विद्युत अवर प्रमंडल