संवाददाता, साहिबगंजगरमी के कारण बाजारों में ग्राहकों की उपस्थिति पर भी खासा असर पड़ा है. वहीं शहरी क्षेत्र में विद्युत की आपूर्ति तकरीबन ठीक है. लेकिन ग्रामीण इलाकों में छह से आठ घंटे ही बिजली मिल रही है. शहरी क्षेत्र में पेयजल के लिए सुबह चार बजे से ही चापानलों पर लोगों की लंबी कतार देखी जा रही है. कई चापानल खराब है. जिले की एकमात्र बांसलोई नदी सूख गयी है. लोग बालू खोदकर पीने का पानी निकलते हैं. नदी, नाले और तालाबों के सूखने से जानवरों को काफी परेशानी हो रही है. वे असमय काल के गाल में समाते जा रहे हैं.पानी के लिए पहाड़ों पर रतजगा बोरियो: प्रखंड क्षेत्र के पहाड़ी इलाकों में लोग पानी के लिए रतजगा करने को विवश है. क्षेत्र के पानी की समस्या विकराल रूप धारण कर चुकी है. गांव का कुआं, तालाब, नदी के सूख जाने के कारण पशुओं को भी पानी पिलाने में कठिनाई हो रही है. इतनी कठिनाई के बावजूद पदाधिकारी यहां झांकने तक नहीं आते हैं.
ओके.... पानी की किल्लत, लोग परेशान
संवाददाता, साहिबगंजगरमी के कारण बाजारों में ग्राहकों की उपस्थिति पर भी खासा असर पड़ा है. वहीं शहरी क्षेत्र में विद्युत की आपूर्ति तकरीबन ठीक है. लेकिन ग्रामीण इलाकों में छह से आठ घंटे ही बिजली मिल रही है. शहरी क्षेत्र में पेयजल के लिए सुबह चार बजे से ही चापानलों पर लोगों की लंबी कतार […]
