प्राचार्य डॉ राम निलंबन मुक्त कल करेंगे योगदान
वापसी . अटकलों पर लगा विराम, आरोप निकले निराधार... जांच के बाद आरोप पाये गये निराधार बुधवार को राष्ट्रपति ने डॉ राम को सौंपा नियुक्ति पत्र बरहरवा : बीएसके कॉलेज बरहरवा के नये प्राचार्य अब डॉ रघुनंदन राम होंगे. 2015 में निलंबित हाेने के बाद डॉ राम की जगह डॉ विश्वनाथ हांसदा को बनाया गया […]
वापसी . अटकलों पर लगा विराम, आरोप निकले निराधार
जांच के बाद आरोप पाये गये निराधार
बुधवार को राष्ट्रपति ने डॉ राम को सौंपा नियुक्ति पत्र
बरहरवा : बीएसके कॉलेज बरहरवा के नये प्राचार्य अब डॉ रघुनंदन राम होंगे. 2015 में निलंबित हाेने के बाद डॉ राम की जगह डॉ विश्वनाथ हांसदा को बनाया गया था. बुधवार को रांची में राष्ट्रपति ने नियुक्ति पत्र दे दिया गया है. डॉ राम आरोपों में बेदाग साबित हुए हैं. एसकेएमयू ने भी डॉ राम को बीएसके कॉलेज बरहरवा में प्राचार्य के रूप में योगदान करने के लिए आदेश भी निर्गत कर दिया है. डॉ राम 17 नवंबर को योगदान करेंगे. बातचीत में उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य है कि महाविद्यालय में नियमित कक्षा हो, शत-प्रतिशत छात्रों की उपस्थिति दर्ज हो, विद्यार्थियों को 75 प्रतिशत कक्षा अनिवार्य हो.
इसके अलावे महाविद्यालय को नैक से मूल्यांकन जल्द करवाया जायेगा. ताकि बीएसके कॉलेज संताल परगना में अपना एक अलग पहचान बनाये. इसे लेकर महाविद्यालय के शिक्षक, कर्मचारी व छात्र-छात्राओं के अलावे अभिभावकों को एक साथ मिलकर महाविद्यालय के शैक्षणिक वातावरण को कायम करना ही प्राथमिकता होगी.
2015 में हुए थे निलंबित 2017 में निकले पाक साफ
सिदो-कान्हू मुर्मू विश्वविद्यालय दुमका के पूर्व कुलसचिव व बीएसके कॉलेज बरहरवा के पूर्व प्रभारी प्राचार्य डॉ रघुनंदन राम को तत्कालीन कुलसचिव रहने के दरम्यान चड्ढा एंड कंपनी को विश्वविद्यालय का नक्शा बनाने के नाम पर लाखों रुपये दिये जाने मामले में उन्हें 2015 में निलंबन कर दिया गया था. लेकिन जांच के बाद डॉ राम बेदाग साबित हुए. उनके ऊपर लगाया गया आरोप निराधार व गलत साबित हुए.
