साहिबगंज : साहिबगंज जिले के गंगा नदी में आयी बाढ़ से जिले के चार प्रखंडों के लाखों लोग भयभीत थे. पिछले एक सप्ताह से जल स्तर घटने से लोगों ने राहत की सांस ली है. वहीं कटाव का कहर भी शुरू हो गया है. कीचड़ व गंदगी के बाद दियारा क्षेत्रों में संक्रमण का खतरा बढ़ गया है. निचले इलाकों में पानी घटने के साथ ही कटाव शुरू हो गया है.
वहीं सड़कें व पगडंडियां कीचड़मय हो गयी हैं. अगर समय रहते क्षेत्र में ब्लीचिंग व चूना का छिड़काव नहीं किया गया, तो महामारी फैल सकती है. रामपुर दियारा के चंदन सिंह, मनोज कुमार, राम सिंह, उदय कुमार ने बताया कि गंगा का जल स्तर पिछले छह दिनों से धीरे-धीरे घट रहा है.
सात सेमी घटा गंगा का जल स्तर
सोमवार को गंगा नदी के जल स्तर सात सेमी घट गया है. केंद्रीय जल आयोग के स्थल प्रभारी रंजीत मिश्रा ने बताया कि जल स्तर 27.64 मीटर मापा गया, जो खतरे के निशान 27.25 मीटर से महज 39 सेमी ऊपर है. रविवार से सोमवार के बीच गंगा का जल स्तर 7 सेमी घटा है. मंगलवार को फोरकास्ट 27.60 मीटर होने का संकेत मिला है. जल स्तर स्थिर रहने की सूचना है.
शहर के निचले इलाकों में फैला पानी
पिछले 24 घंटे से हो रही बारिश के कारण शहर के निचले इलाके रसुलपुर दहला, हरिपुर, हबीबपुर, शोभनपुर व कमलटोला क्षेत्र में पहाड़ से उतरा पानी निचले इलाकों में फैल गया है. इससे दर्जनों गांवों में आवागमन का संकट गहरा गया है. फसल भी डूब गयी है.
गंगा का जलस्तर धीरे-धीरे कम हो रहा है. जल जमाव व गंदगी को देखते हुए दियारा क्षेत्रों में ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव किया जायेगा. साथ ही स्वास्थ्य कैंप भी लगाया जायेगा.
डॉ बी मरांडी, सीएस
