Jharkhand News: धरे रह गये पैसे, 10 साल में भी नहीं बने बीज गोदाम, कृषि विभाग वापस करेगा इतनी रकम

कृषि विभाग ने केंद्र से पैसा लेने के 10 साल बाद भी जिलों में गोदाम नहीं बनाया. राज्य के 22 जिलों में गोदाम निर्माण के लिए भारत सरकार से राशि मिली थी. यह राशि 2011-12 में गुणवत्ता युक्त बीज उत्पादन के लिए आधारभूत संरचनाओं के निर्माण एवं सुदृढ़ीकरण मद में दी गयी थी.

मनोज सिंह, रांची: कृषि विभाग ने केंद्र से पैसा लेने के 10 साल बाद भी जिलों में गोदाम नहीं बनाया. राज्य के 22 जिलों में गोदाम निर्माण के लिए भारत सरकार से राशि मिली थी. यह राशि 2011-12 में गुणवत्ता युक्त बीज उत्पादन के लिए आधारभूत संरचनाओं के निर्माण एवं सुदृढ़ीकरण मद में दी गयी थी. हर जिले को 199.98 लाख रुपये दिये गये थे. केंद्र बार-बार इस राशि की मॉनिटरिंग कर रहा था.

वर्ष 2020 में राज्य सरकार ने केंद्र से फिर इस राशि को पुनवैधिकरण (रिवैलिडेट) करने का आग्रह किया था. इस पर केंद्र सहमत नहीं हुआ. जिसके बाद यह राशि लौटानी पड़ रही है. विभाग ने जब कृषि निदेशालय से इस पैसे की रिपोर्ट मांगी, तो पता चला कि केवल 44.29 लाख रुपये का ही उपयोगिता प्रमाण पत्र मिला है. इतनी राशि घटाकर करीब 7.50 करोड़ रुपये वापस करने का निर्णय लिया गया.

अनुपूरक में लिया गया था पैसा : भारत सरकार को वापस करने लिए कृषि विभाग ने प्रथम अनुपूरक में सरकार से पैसा लिया था. इसके लिए वित्त विभाग से अनुमति भी ली गयी थी. इसके बाद केंद्र सरकार से प्राप्त सात करोड़ पांच लाख 70 हजार रुपये वापस करने के प्रस्ताव को विभाग ने स्वीकृत कर दिया है. इस पर विभागीय मंत्री की भी स्वीकृति ली गयी है.

रेनफेड एरिया डेवलपमेंट का पैसा भी वापस: केंद्र सरकार से रेनफेड एरिया डेवलपमेंट के लिए मिले 98 लाख रुपये भी वापस होंगे. यह राशि राज्य सरकार को वर्ष 2015-16 से 2017-18 के बीच मिली थी. इससे जहां सूखा रह गया है, उस क्षेत्र के विकास पर पैसा खर्च करना था. हालांकि ऐसा हो नहीं पाया.

  • 22 जिलों में बनने थे एक-एक हजार मीट्रिक टन के गोदाम

  • 199.98 लाख रुपये मिले हर जिले को

  • केंद्र कर रहा था मॉनिटरिंग

आरकेएमयू का पैसा भी वापस होगा: कृषि विभाग ने राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत पूर्व की स्कीम में मिले पैसे को भी वापस करने का निर्णय लिया है. केंद्र ने कहा है कि करीब 11 करोड़ रुपये वापस करने के बाद ही नये सिरे से यह स्कीम शुरू होगा. यह राशि भी 2014-15 की ही है.

Posted by: Pritish Sahay

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By Prabhat Khabar News Desk

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