विष्णु गिरि
सिल्ली. बीते दो दिनों से हो रही लगातार बारिश के कारण सिल्ली प्रखंड में राढ़ू नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है. पतराहातू से तेतला बड़ाइक टांड़ जाने वाले मार्ग पर नदी पर 10 साल पहले बने उच्चस्तरीय पुल बहने के कगार पर पहुंच गया है. 18 पिलर वाले इस पुल का बीच का हिस्सा बुरी तरह धंस गया है.
पुल के बह जाने की आशंका
पुल और पानी की सतह के बीच अब करीब पांच से सात फीट की ही दूरी बची है. नदी का जलस्तर और बारिश की रफ्तार इसी तरह बनी रही तो पुल के बह जाने की आशंका है. मंगलवार को पुल पर आवागमन सामान्य रूप से जारी रहा. पुल के टेढ़े होने की जानकारी मिलने के बाद शाम को ग्रामीणों की भीड़ वहां जुट गयी. इसके बावजूद कुछ लोग जान जोखिम में डालकर पुल पार करते रहे, जबकि कई ग्रामीणों ने आवागमन के लिए वैकल्पिक रास्ते का सहारा लिया.
ये भी पढ़ें: बारिश से नदियाँ व पहाड़ी नाले उफान पर, खलारी में जनजीवन प्रभावित कोयला उत्पादन भी 70 प्रतिशत घटा
बीच से टेढ़ा हुआ पुल
ग्रामीणों के अनुसार, पुल की ऊपरी सतह पर हल्के धंसाव की जानकारी पहले ही संबंधित विभाग को दी जा चुकी है. इसके बावजूद पुल की मरम्मत अथवा आवागमन रोकने की दिशा में अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है. ग्रामीणों ने बताया कि पुल के समीप से बालू का भी उठाव किया जाता है. उनका कहना है कि लगातार बारिश और बढ़ते जलस्तर के बीच पुल की स्थिति बेहद चिंताजनक बनी हुई है. ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल पुल का निरीक्षण कर आवश्यक कदम उठाने की मांग की है.
