झारखंड का मौसम : 7 अगस्त तक वर्षा से राहत नहीं, कई जिलों में आंधी के साथ वज्रपात का भी अलर्ट

Jharkhand Weather: झारखंड को 7 अगस्त तक वर्षा से राहत मिलने वाली नहीं है. मौसम विभाग ने यह जानकारी दी है. भारत मौसम विज्ञान विभाग के रांची स्थित मौसम केंद्र ने अपने पूर्वानुमान में कहा है कि 7 अगस्त तक झारखंड के सभी जिलों में कहीं-कहीं आंधी के साथ वर्षा होगी. इस दौरान वज्रपात होने की भी आशंका है. मौसम विभाग ने येलो अलर्ट भी जारी कर दिया है.

Jharkhand Weather: झारखंड में 7 अगस्त तक वर्षा से राहत नहीं मिलेगी. कुछ जगहों पर आंधी के साथ वज्रपात का भी अलर्ट जारी किया गया है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के रांची स्थित मौसम केंद्र ने 4 दिनों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है. कहा है कि कहीं-कहीं गरज और तेज हवाओं के साथ वज्रपात होने की आशंका है. मौसम विभाग ने कहा कि हवा की अधिकतम गति 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे रह सकती है.

झारखंड में कई दिनों तक होगी वर्षा

मौसम वैज्ञानिक ने कहा है कि मानसून ट्रफ अमृतसर, चंडीगढ़, शामली, शाहजहांपुर, लखनऊ, छपरा, बांकुड़ा, कैनिंग से होते हुए पूर्वोत्तर बंगाल की खाड़ी की ओर जा रही है. पूर्वोत्तर बिहार और उससे सटे इलाकों में अपर एयर साइक्लोनिक सर्कुलेशन है, जो झुका हआ है. इसके असर से झारखंड में कई दिनों तक बारिश होती रहेगी.

आंधी के साथ बारिश का येलो अलर्ट

मौसम विभाग ने अपने दैनिक मौसम पूर्वानुमान में कहा है कि 4 अगस्त से 7 अगस्त तक झारखंड में आंधी के साथ बारिश होती रहेगी. कुछ जगहों पर वज्रपात होने की भी आशंका है. इसलिए मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी कर दिया है. मौसम विभाग ने कहा है कि पिछले 24 घंटे के दौरान झारखंड में मानसून सक्रिय रहा. अधिकतर जगहों पर हल्के से मध्यम दर्जे की वर्षा हुई.

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हजारीबाग में एक दिन में हुई 78.4 मिमी वर्षा

कुछ जगहों पर भारी वर्षा भी हुई. सबसे अधिक 78.4 मिलीमीटर वर्षा हजारीबाग में हुई. इस दौरान सबसे अधिक उच्चतम तापमान 34.5 डिग्री सेंटीग्रेड सरायकेला में और सबसे कम न्यूनतम तापमान 21.7 डिग्री सेंटीग्रेड लातेहार में रिकॉर्ड की गयी. अधिकतम और न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं देखने को मिला.

जमशेदपुर में 100 फीसदी से अधिक बरसा मानसून

जमशेदपुर और रांची में मानसून की सबसे ज्यादा बारिश हुई है. जमशेदपुर में 1354.2 मिलीमीटर और रांची में 1076.1 मिलीमीटर वर्षा हो चुकी है. डालटनगंज में 887.3 मिलीमीटर, बोकारो थर्मल में 833 मिलीमीटर और चाईबासा में 934 मिलीमीटर वर्षा हो चुकी है.

झारखंड में सामान्य से 46 फीसदी अधिक बारिश

झारखंड में 3 अगस्त तक सामान्य वर्षापात 538.7 मिलीमीटर की तुलना में 788.4 मिलीमीटर वर्षा हो चुकी है. यह झारखंड के सामान्य वर्षापात से 46 फीसदी अधिक है. पाकुड़ एक मात्र जिला है, जहां मानसून की बारिश सामान्य से 16 फीसदी कम है. बाकी सभी जिलों में सामान्य या सामान्य से अधिक वर्षा हो चुकी है.

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By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

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