Jharkhand News: झारखंड में बढ़ेंगे मिल्क कलेक्शन सेंटर, मेधा डेयरी प्लांट का औचक निरीक्षण कर बोलीं मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की

Jharkhand News: झारखंड की कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने शुक्रवार को रांची के मेधा डेयरी प्लांट का औचक निरीक्षण किया. उन्होंने कहा कि पशुपालकों के हित में राज्य में मिल्क कलेक्शन सेंटरों की संख्या बढ़ायी जाएगी.

Jharkhand News: रांची-झारखंड के पशुपालकों के लिए अच्छी खबर है. कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने शुक्रवार को रांची के होटवार स्थित मेधा डेयरी प्लांट का औचक निरीक्षण कर कहा कि पशुपालन विभाग झारखंड में मिल्क कलेक्शन सेंटर में इजाफा करेगा. इसका उद्देश्य पशुपालकों से उचित मूल्य पर दूध लेकर उसका कलेक्शन करना है, ताकि बिचौलियों का सिंडिकेट खत्म किया जा सके. मेधा के उत्पादों को दूसरे राज्यों तक भी पहुंचाना है. इस दिशा में विभाग प्रयासरत है.

10 लाख लीटर रोजाना दूध की है डिमांड


कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि झारखंड में 10 हजार लीटर से दूध कलेक्शन का काम शुरू हुआ था. आज प्रतिदिन 3 लाख लीटर दूध का कलेक्शन हो रहा है, लेकिन बाजार की डिमांड 10 लाख लीटर प्रतिदिन है. इस कारण बाजार की डिमांड को दूसरी कंपनियां पूरा कर रही हैं, जबकि मेधा के उत्पाद की क्वालिटी सबसे अच्छी है.

पशुपालकों को नहीं मिल रहा दूध का उचित मूल्य-शिल्पी नेहा तिर्की


मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि पशुपालक किसानों को दूध का उचित मूल्य नहीं मिल पा रहा है. ग्रामीण इलाकों में बिचौलिए सक्रिय हैं. ऐसे में ये जरूरी है कि मिल्क कलेक्शन सेंटर में वृद्धि कर बिचौलियों के सिंडिकेट को खत्म किया जाए.

मांडर की एक महिला की दूध से हो रही अच्छी कमायी-मंत्री शिल्पी


मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि रांची के मांडर की एक महिला 2016 से पशुपालन से जुड़ी है और आज दूध बेचकर हर महीने दो लाख रुपए कमा रही है. मेधा डेयरी प्लांट के उत्पाद को झारखंड ही नहीं, बल्कि दूसरे राज्यों तक भी पहुंचाना है. इस दौरान मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कैटल फीड प्रोडक्शन का भी निरीक्षण किया.

Also Read: Shilpi Neha Tirkey: पशुपालन मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने की घोषणा, झारखंड में अब प्रखंड स्तर पर लगेगा पशु बाजार

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Guru Swarup Mishra

मैं गुरुस्वरूप मिश्रा. फिलवक्त डिजिटल मीडिया में कार्यरत. वर्ष 2008 से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से पत्रकारिता की शुरुआत. आकाशवाणी रांची में आकस्मिक समाचार वाचक रहा. प्रिंट मीडिया (हिन्दुस्तान और पंचायतनामा) में फील्ड रिपोर्टिंग की. दैनिक भास्कर के लिए फ्रीलांसिंग. पत्रकारिता में डेढ़ दशक से अधिक का अनुभव. रांची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एमए. 2020 और 2022 में लाडली मीडिया अवार्ड.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >