गुरु नानक सेवक जत्था के 23वें स्थापना दिवस पर गुरुद्वारे में सजेगा दीवान, सामूहिक पाठ के बाद होगा प्रसाद वितरण

गुरु नानक सेवक जत्था की शुरुआत 17 जून 2000 को हुई. इसकी प्रेरणा गुरुगोविंद सिंह जी के प्रकाश पर्व में पटना साहिब में शामिल होने गए मनीष मिढ़ा एवं साथी नवयुवकों को विभिन्न सेवादारों के जत्थों को देखकर मिली. श्री गुरु नानक देव जी के सेवा के संदेश से प्रेरित इस जत्था की स्थापना की गयी.

रांची: गुरु नानक सेवक जत्था का 23वां स्थापना दिवस शनिवार (17 जून) को मनाया जाएगा. इस उपलक्ष्य में गुरुद्वारा श्री गुरुनानक सत्संग सभा, कृष्णा नगर कॉलोनी गुरुद्वारा साहिब में रोजाना सजने वाले सुबह 8:30 बजे के दीवान में जपुजी साहिब जी का सामूहिक पाठ किया जाएगा. अरदास, हुक्मनाना एवं कढ़ाह प्रसाद वितरण के साथ दीवान की समाप्ति सुबह 9:30 बजे होगी. समाप्ति के बाद सत्संग सभा द्वारा साध संगत के लिए चाय-नाश्ते का लंगर चलाया जाएगा.

स्थापना के 23 वर्ष में किए गए कई कार्य

गुरु नानक सेवक जत्था की शुरुआत 17 जून 2000 को हुई. इसकी प्रेरणा गुरुगोविंद सिंह जी के प्रकाश पर्व में पटना साहिब में शामिल होने गए मनीष मिढ़ा एवं साथी नवयुवकों को वहां विभिन्न सेवादारों के जत्थों को देखकर मिली. श्री गुरु नानक देव जी के सेवा के संदेश से प्रेरित इस जत्था का मुख्य उद्देश्य गुरु घर की सेवा करना, जरूरतमंदों की सेवा करना एवं धर्म का प्रचार प्रसार करना है. नशा मुक्ति को लेकर जत्था द्वारा विशेष अभियान चलाया गया है. इसको लेकर एक रैली निकाली गई थी, जिसे झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने झंडी दिखाकर रवाना किया था. जत्था द्वारा युवाओं को गुरु घर से जोड़ने के लिए समय-समय पर रविवार के दिन शाम को विशेष दीवान का आयोजन किया जाता है. इसके अलावा सभी आयु वर्ग के लिए हर वर्ष गर्मी छुट्टियों में गुरवाणी क्लास का आयोजन किया जाता है. इस वर्ष सितंबर माह में गुरवाणी प्रतियोगिता कराने की योजना है.

Also Read: बहावलपुरी पंजाबी समाज: 7 दिवसीय योग कार्यशाला शुरू, महिला योग साधक करा रहीं योगाभ्यास

कोरोना काल में भी सामाजिक सरोकार

समाज के जरूरतमंदों को यथासंभव सहायता भी उपलब्ध कराई जाती है. धर्म के प्रचार प्रसार के लिए हर वर्ष वैसाखी के मौके पर कीर्तन दरबार का आयोजन किया जाता है. जत्था के सूरज झंडई के नेतृत्व में रक्तदान शिविर का भी आयोजन किया जाता है. अभी तक लगभग दो सौ रक्तदान शिविर का आयोजन किया जा चुका है, जिसमें लगभग 7500 रक्त यूनिट संग्रह कर विभिन्न बैंकों को दिया जा चुका है. जत्था द्वारा व्हाट्सएप पर गुरुनानक ब्लड डोनर ग्रुप भी बनाया गया है, जिसमें जरूरतमंद को ऑन द स्पॉट चाहे दिन हो या रात ब्लड और एसडीपी उपलब्ध कराया जाता है. जत्था द्वारा कोविड काल में सरकार के सहयोग से वैक्सीनेशन कैंप लगाकर लगभग 4000 लोगों को नि:शुल्क वैक्सीन भी उपलब्ध कराई गई थी. जत्था के सदस्य विभिन्न आश्रमों में जाकर बच्चों एवं बुजुर्गों को उनकी जरूरत का सामान उपलब्ध कराते रहते हैं. हर वर्ष जाड़े के समय कंबल का वितरण भी किया जाता है. पर्यावरण के संतुलन के लिए जत्था द्वारा वृक्षारोपण का कार्यक्रम भी समय-समय पर आयोजित किया जाता है.

Also Read: झारखंड: तीन दिवसीय योग कार्यशाला शुरू, ट्रेंड ट्रेनर बहावलपुरी पंजाबी समाज के लोगों को कर रहे प्रशिक्षित

जत्था में हैं 200 सदस्य

संस्था के मीडिया प्रभारी नरेश पपनेजा ने बताया कि जत्था द्वारा सेवा के लिए पहला सरोपा समाज के सेवादार महेंद्र अरोड़ा को भेंटकर सम्मानित किया गया था. आज इस जत्था में 200 से अधिक सदस्य हैं और संस्था के सदस्य आपस में फंड इकट्ठा कर इस तरह के शिविरों का आयोजन करते हैं. गुरुद्वारा श्री गुरुनानक सत्संग सभा द्वारा पूरा सहयोग किया जाता है.

Also Read: Jharkhand Village Story: झारखंड का एक ऐसा गांव, जिसका नाम बताने में ग्रामीणों को आती थी काफी शर्म

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >