अनगड़ा: जलग्रहण क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश के कारण गेतलसूद डैम के जलाशय में पानी की आवक अचानक बढ़ गयी है. जलस्तर बढ़ने के बाद मंगलवार शाम पांच बजे पहला रेडियल गेट खोला गया. देर रात पानी का दबाव और बढ़ने पर एक-एक कर कुल चार रेडियल गेट खोल दिये गये. डैम की अधिकतम जलधारण क्षमता 1936 आरएल फीट है.
जल पथ प्रमंडल के अधिकारियों के अनुसार, सिकिदिरी जल विद्युत परियोजना की नहर में पानी छोड़े जाने के बावजूद लगातार बारिश के कारण जलाशय में पानी की आवक तेज बनी हुई है. चार गेट खुले होने के बाद भी बुधवार शाम पांच बजे डैम का जलस्तर 1934 आरएल फीट दर्ज किया गया. इससे जलाशय में पानी का दबाव लगातार बने रहने की स्थिति सामने आ रही है.
स्वर्णरेखा नदी में तेज हुआ बहाव, हुंडरू फॉल ने लिया रौद्र रूप
गेतलसूद डैम के चार रेडियल गेट खुलने का असर स्वर्णरेखा नदी के बहाव पर भी साफ दिखाई दे रहा है. नदी का जलस्तर बढ़ने के साथ बहाव तेज हो गया है. वहीं, प्रसिद्ध हुंडरू फॉल में भी पानी का वेग काफी बढ़ गया है और जलप्रपात ने रौद्र रूप धारण कर लिया है.
तेज बहाव और फिसलन को देखते हुए पर्यटक मित्रों और स्थानीय प्रशासन ने लोगों को नदी और जलप्रपात के आसपास जाने से बचने की सलाह दी है. पर्यटकों से विशेष सावधानी बरतने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की गयी है.
नदी किनारे बसे गांवों में भी सतर्कता
स्वर्णरेखा नदी में बढ़े जलप्रवाह का असर नदी किनारे बसे इलाकों में भी दिखाई दे रहा है. मुरी, चांडिल समेत आसपास के गांवों में लोगों को नदी के तेज बहाव से दूर रहने की सलाह दी गयी है. प्रशासन और स्थानीय लोगों की ओर से स्थिति पर नजर रखी जा रही है.
इधर, गेतलसूद डैम के चार रेडियल गेट खुलने की सूचना के बाद बड़ी संख्या में लोग डैम का नजारा देखने भी पहुंच रहे हैं. हालांकि, बढ़े जलस्तर और तेज बहाव को देखते हुए लोगों से सुरक्षा को प्राथमिकता देने की अपील की गयी है.
