एनयूएसआरएल के स्थापना दिवस पर विमर्श

इंडिया इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ एजुकेशन एंड रिसर्च गोवा के वीसी ने दिये विचार

रांची. अन्याय की पहचान कर व्यक्तिगत जीवन में सतत विकास की पहल की जा सकती है. समाज अब चौथे औद्योगिक क्रांति के लक्ष्य की ओर बढ़ रहा है. समुदाय के लिए संपत्ति की विकासशील धारणा अब अहम हो चुकी है. ऐसे में नवाचार को बढ़ावा देना हाेगा. इससे ही सतत भविष्य की ओर बढ़ सकेंगे. ये बातें इंडिया इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ एजुकेशन एंड रिसर्च गोवा के वीसी डॉ आर वेंकट राव ने कहीं. वे शुक्रवार को एनयूएसआरएल के स्थापना दिवस पर आयोजित सेमिनार में बोल रहे थे. उन्होंने युवाओं को कानून के प्रति सजग और लोगों को निरंतर जागरूक करने की बात कही. सेमिनार का विषय था : नवाचार और रचनात्मकता के साथ सामान्य भविष्य निर्माण. सरायकेला के डीसी रविशंकर शुक्ला ने कहा कि सामाजिक विकास बौद्धिक संपत्ति को बढ़ावा देती है. ऐसे में राज्य में जनजातीय चिकित्सा प्रणाली होड़ोपैथी को नयी दिशा देने की जरूरत है. इस अवसर पर वीसी अशोक आर पाटिल, एमआरएस मुर्थी, अमर्त्य सेन आदि मौजूद थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Prabhat khabar news desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >