झारखंड में 40 प्रतिशत खनिज संपदा

जियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया के डिप्टी डायरेक्टर जेनरल ने कहा है कि झारखंड में मौजूद लिथियम, ग्रेफाइट, डायमंड व गोल्ड माइंस भी विकास के लिए महत्वपूर्ण हैं

By Prabhat Khabar News Desk | April 23, 2024 12:36 AM

रांची विवि के पीजी भूगर्भशास्त्र में सेमिनार

रांची.

जियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया के डिप्टी डायरेक्टर जेनरल (डीडीजी) अखौरी विश्वप्रिया ने कहा है कि झारखंड में मौजूद लिथियम, ग्रेफाइट, डायमंड व गोल्ड माइंस भी राज्य के विकास के लिए महत्वपूर्ण हैं. पलामू में लिथियम तथा ग्रेफाइट के भंडार हैं. इसका पूर्ण उपयोग किया जाये तो झारखंड फिर देश में अपनी जगह बना सकेगा. श्री विश्वप्रिया सोमवार को रांची विवि अंतर्गत पीजी भूगर्भशास्त्र विभाग में पृथ्वी दिवस पर द अर्थ : मदर ऑफ ऑल रिसोर्स विषयक दो दिवसीय सेमिनार के उदघाटन के अवसर पर बोल रहे थे. डीडीजी ने कहा कि लिथियम व ग्रेफाइट का पूर्ण उपयोग करने से बैट्री निर्माण में अहम भूमिका होगी. राज्य का राजस्व भी बढ़ेगा. साथ ही पेट्रोलियम के उपयोग व प्रदूषण की कमी तथा पर्यावरण की रक्षा भी होगी.

विद्यार्थी शोध कार्य को बढ़ावा दें : डीडीजी ने यह भी कहा कि गंगा के किनारे खास कर झारखंड के साहिबगंज आदि इलाके में आर्सेनिक बहुत अधिक मात्रा में मिल रहे हैं. इससे बीमारी भी बढ़ रही है. इस दिशा में रांची विवि भूगर्भशास्त्र विभाग के विद्यार्थी शोध कार्य को बढ़ावा देकर इस पर अधिक से अधिक कार्य कर सकते हैं. राज्य के माइंस निदेशक मनोज कुमार ने कहा कि झारखंड सरकार शीघ्र ही राज्य में चार गोल्ड माइंस लीज पर देने की प्रक्रिया शुरू करेगी. नयी तकनीक का इस्तेमाल कर हम खदान के क्षेत्र में अधिक से अधिक कार्य कर सकते हैं.

रांची विवि के कुलपति डॉ अजीत कुमार सिन्हा ने कहा कि झारखंड में 40 प्रतिशत खनिज संपदा हैं. भूगर्भशास्त्र के विद्यार्थी अनुसंधान कर यहां की खनिज संपदा को बढ़ाने का कार्य कर सकते हैं. उन्होंने विभाग के विद्यार्थियों को राज्य के माइनिंग क्षेत्र का भ्रमण करने व शोध करने की सलाह दी. कार्यक्रम में पूर्व विभागाध्यक्ष सह पूर्व कुलपति प्रो सुरेश प्रसाद सिंह और जीसीआइ के निदेशक डॉ देवसश्री प्रताप सिंह ने भी अपने विचार रखे. इससे पूर्व विभागाध्यक्ष डॉ चक्रधर प्रसाद महतो ने आगंतुकों का स्वागत व विषय प्रवेश किया. संचालन चंचल लकड़ा व धन्यवाद ज्ञापन डॉ बीआर झा ने किया. पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिता व सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन हुआ. इस अवसर पर रवींद्र मिश्रा, जयंत सिन्हा, डॉ उदय कुमार, कुमार अमिताभ, आर अनिता तिग्गा, सुरेश समद, अमित कुमार, नीलू प्रिया तिर्की, अमरेश मिश्रा, अविनेश सिंह, एके झा, पीके झा आदि उपस्थित थे.