रांची : सरकार की व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त हो गयी है. मुख्यमंत्री के बार-बार कहने के बाद भी अधिकारी ध्यान नहीं देते हैं. समझ में नहीं आ रहा कि वे कोताही क्यों बरत रहे हैं. अगर सरकार हमारी बात नहीं सुनती है, तो आमलोगों को भी अपने अभियान से जोड़ेंगे और कठोर कदम उठायेंगे. यह बातें झारखंड चेंबर के अध्यक्ष दीपक मारू ने बुधवार को चेंबर भवन में आयोजित प्रेस वार्ता में कही.
उन्होंने कहा कि विभिन्न मुद्दों को राज्य और केंद्र सरकार के संज्ञान में लाया गया है. पत्र भी लिखे गये. हर बार कहा जाता है कि मामले को देखा जा रहा है.
हम करेंगे, लेकिन कुछ नहीं हो रहा है. हम अपनी मर्जी से व्यापारी बने हैं. हम भी आइएएस बन सकते थे. हमारे टैक्स से अधिकारियों का वेतन सहित कई काम होते हैं. लेकिन हमारी परेशानियों पर कोई संज्ञान नहीं लिया जा रहा है. हम सरकार से कम नहीं है. उद्योग उप समिति के चेयरमैन अजय भंडारी ने कहा कि उद्योग विभाग के पास कोई विजन नहीं है. वार्ता न करने की कसम खायी है.
उद्योग-व्यापार नहीं बढ़ेंगे, तो पलायन कैसे रुकेगा. विनोद तुलस्यान ने कहा : घोषणा की गयी थी कि 24 घंटे बिजली मिलेगी, पर यह मात्र घोषणा ही बन कर रह गयी. अरुण बुधिया ने कहा कि परिवहन विभाग ने ठान लिया है कि व्यापारियों को तंग करेंगे. विनोद नेमानी ने कहा कि लोडर आदि में एकमुश्त वाहन के मूल्य का सात प्रतिशत टैक्स मांगा जा रहा है. दूसरे राज्यों में एकमुश्त टैक्स नहीं लिया जाता है. मौके पर पूर्व अध्यक्ष पवन शर्मा, विष्णु बुधिया आदि उपस्थित थे
झारखंड चेंबर ने चौक-चौराहों में लगवाये होर्डिंग : व्यापारियों की मार्मिक पुकार, अब तो सुध लो सरकार… कुछ इस तरह के स्लोगन शहर के विभिन्न चौक-चौराहों पर झारखंड चेंबर की ओर से लगवाये गये होर्डिंग में दिख रहे हैं.
चेंबर की ओर से कांके रोड हॉटलिप्स चौक, रातू रोड चौक, सहजानंद चौक, फिरायालाल चौक, डीपीएस स्कूल और बिरसा चौक के बीच सहित कुछ आठ जगहों पर इस तरह के होर्डिंग शहर में लगवाये गये हैं.
