सिल्ली : पेड़ के ऊपर चढ़ा आदमी ऊंचा दिखायी देता है… जड़ में खड़ा आदमी नीचा दिखायी देता है… आदमी ऊंचा होता है न नीचा होता है…आदमी तो केवल आदमी होता है…टूट सकते हैं मगर झुक नहीं सकते… सत्य का संघर्ष सत्ता से… न्याय लड़ता निरंकुशता से… जीवन के शत-शत आकर्षक अरमानों को दलना होगा-कदम मिलाकर चलना होगा… भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की लिखी ऐसी ही कई कविताओं का भावपूर्ण पाठ रविवार को सिल्ली के सरस्वती शिशु मंदिर सभागार में किया गया.
भाजपा सिल्ली विस स्तरीय कोर कमेटी की ओर से आयोजित अटलजी की स्मृति में काव्यांजलि सभा के आयोजन के दौरान राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य सह विस कोर कमेटी के संयोजक डॉ राजाराम महतो ने अटलजी की कविताओं का भावपूर्ण पाठ किया. मौके पर विभिन्न गांवों से आये अन्य कवियों ने भी अटल जी की कविताओं का पाठ किया.
कुड़माली भाषा के कवियों ने अटल जी के व्यक्तित्व पर कुड़माली कविता के माध्यम से प्रकाश डाला. सभा में देवन महतो, शक्तिधर महतो, प्रो बीएन प्रमाणिक, श्यामल महतो, निरंजन महतो ने भी कविता पाठ किया. मौके पर सांसद प्रतिनिधि रेखा महतो, रघुवीर प्रसाद, खुशबू कुमारी, राजा पुष्पेंद्र नाथ सिंहदेव, बीस सूत्री अध्यक्ष प्रो ललित प्रसाद, चौधरी महतो, साधुचरण महतो, सुधीर सोनार, हरिहर महतो, बालिका देवी, श्रीपति महतो, राजकिशोर महतो, नरेश महतो, धीरज महतो, विश्वनाथ महतो व अशोक पोद्दार सहित अन्य मौजूद थे.
